मामला कोतवाली क्षेत्र के ग्राम नौरहा का है। जहां गांव निवासी राजेंद्र सिंह अपने विकलांग पुत्र की शादी न होने से परेशान थे। जिसका फायदा उठाकर गांव निवासी आरती, संजीव और जगतपाल ने उन्हें शादी का झांसा दिया और उनसे साठ हजार रुपये में दुल्हन दिलवाने की बात कही। जिस पर वह राजी हो गए और बीते दिसंबर 2022 में उन्होंने तीनो आरोपियों को पैसे दे दिए। जिसके बाद तीनों उन्हें लेकर शाहबाद के एक गांव पहुंचे, जहां एक लड़की से मुलाकात कराई और दुल्हन बना कर उसको उनके साथ घर भेज दिया।
आरोप है कि तीनों लोग देर रात उनके घर आए और बहु बनके आई लड़की से बोला कि अब तो सुसराल में हो सबको चाय पिला दो उन्होने दुल्हन बनने के बाद सारा जेवर देने की बात भी कही। उनके बहकावे में आकर उन्होंने घर के गहने दुल्हन को पहना दिया। आरोप लगाया कि चाय पीते ही उनके पूरे परिवार को नशा हो गया। जिसका फायदा उठाकर आरोपी लड़की के साथ वहा से फरार हो गए।
जब उन्होंने कुछ दिन बीत जाने के बाद अपने पैसे मांगे तो आरोपी उन के साथ लड़ाई झगड़े और मारपीट कर झूठे मुकदमे में फंसाने की धमकी देने लगे। उन्होंने कोतवाली पुलिस को बीते 16 जुलाई को कार्रवाई के लिए तहरीर दी थी और पुलिस अधीक्षक से भी न्याय कि गुहार लगाई, लेकिन कोई कार्रवाई न होने पर हताश होकर उन्होंने कोर्ट की शरण ली। जिसके बाद सोमवार को पुलिस ने कोर्ट के आदेश पर आरोपियों के खिलाफ संबंधित धाराओं में मुकदमा पंजीकृत कर मामले की जांच शुरू कर दी है।