मुरादाबाद। लॉक डाउन में ट्रेनें और बसों का संचालन बंद होने से रेलवे और रोडवेज विभाग को अब तक छह करोड़ पंद्रह लाख रुपये का नुकसान हो चुका है। इतना ही नहीं मालगाड़ियों का संचालन भी आधे से कम रह गया है।
कोरोना वायरस का प्रकोप फैलने से रोकने के लिए रोडवेज की बसें और ट्रेनों संचालन पूरी तरह से बंद कर दिया गया है। 22 मार्च को जनता कर्फ्यू था। लेकिन एक दिन पहले ही 21 मार्च की रात से ही संचालन बंद कर दिया गया था। इसके बाद से देश भर में लॉक डाउन है । ट्रेनें और बसों को जहां तहां रोक कर उनको सेनेटाइज किया जा रहा है। उत्तर प्रदेश परिवहन विभाग के मुरादाबाद परिक्षेत्र में करीब सात सौ बसों का संचालन किया जाता है। जिनके जरिये एक दिन में विभाग को यात्री टिकटों के जरिये तकरीबन 85 लाख रुपये मिलते हैं। पिछले छह दिन से बसों का चक्का जाम है। इन छह दिनों में विभाग को अब तक पांच करोड़ दस लाख रुपये का नुकसान हो चुका है। इसके अलावा रेलवे स्टेशन मुरादाबाद पर प्रतिदिन तकरीबन 25 हजार यात्रियों का आवगमन है। इन यात्रियों के रेलवे को चौबीस घंटे में तकरीबन उन्नीस लाख रुपये राजस्व के रूप में प्राप्त होते हैं। ट्रेनें भी पिछले छह दिन से बंद हैं। अब तक रेलवे को एक करोड़ पांच लाख रुपये की हानि हो चुकी है।