वार्ड 69 के पार्षद को व्यक्तिगत इस्तेमाल के लिए बिजली सामग्री नहीं देने पर पार्षद ने पथ प्रकाश विभाग के कर्मचारियों को बंधक बना लिया। नगर निगम कर्मचारी संघ के हंगामा और विरोध करने के एक घंटे बाद पार्षद ने कर्मचारियों को छोड़ा।
पार्षद के इस रवैये से गुस्साए कर्मचारियों ने नगर निगम में ताला जड़ दिया। बोले- जब तक पार्षद पर कार्रवाई नहीं होती, हम हड़ताल पर रहेंगे। पार्षद के खिलाफ नगर निगम कर्मचारी संघ ने नागफनी थाने में तहरीर दी है।
नगर निगम अधिकारियों ने बताया कि मोहर्रम की तैयारियों को लेकर निगम के पथ प्रकाश विभाग ने अन्य क्षेत्रों के साथ ही वार्ड 69 में भी अतिरिक्त लाइटें लगाई थीं। जिस समय कर्मचारी लाइट लगाने गये थे उस समय स्थानीय पार्षद असलम अंसारी ने कर्मचारियों से अपने घर के आसपास लाइट लगाने के लिए अलग से बिजली सामग्री मांगी।
लेकिन कर्मचारियों ने पार्षद को बिजली सामग्री नहीं दी। गुरुवार को जब कर्मचारी साढ़े दस बजे अतिरिक्त लाइटें उतारने गये तो पार्षद ने पथ प्रकाश के कर्मचारी फिरोज पाल, शाजिद, परवेश और मुकेश को बंधक बना लिया। कर्मचारियों का आरोप है कि पार्षद ने उनके साथ गाली गलौज की और जाति सूचक शब्दों का प्रयोेग किया।
सूचना पर नगर निगम अधिकारियों में अफरा-तफरी मच गई। नगर आयुक्त ने इस मामले में सीओ कोतवाली को अगवत कराया। वहीं दूसरी ओर नगर निगम कर्मचारी यूनियन के कुछ लोग पार्षद के पास पहुंचे और हंगामा किया। तब पार्षद ने डेढ़ से दो घंटे बाद बंधक कर्मचारियों को छोड़ा।
इसके बाद नगर निगम कर्मचारी संघ ने पार्षद के खिलाफ टाउन हाल पर विरोध प्रदर्शन किया। इसके बाद कर्मचारियों कार्य बहिष्कार कर निगग के कार्यालयों में ताला जड़ दिया। विरोध प्रदर्शन में नरेश कुमार शर्मा, अमर सिंह सागर, अली वारसी, ओमी लाल, अशोक गौतम, मोहित चौहान, मनोज कुमार शर्मा, शमशाद हुसैन समेत दर्जनों कर्मचारी शामिल रहे।
एसओ नागफनी रामवीर सिंह ने बताया कि हमारे पास तहरीर आई है। हम मामले की छानबीन कर रहे हैं। जांच में जो भी तथ्य सामने आएंगे, उसके आधार पर कार्रवाई की जाएगी।