प्रत्याशियों के नाम वापसी के साथ शनिवार की दोपहर तीन बजे तक चुनाव की तस्वीर साफ हो जाएगी। अभी तक सपा, भाजपा और बसपा सहित 13 प्रत्याशी चुनावी मैदान में हैं। जिला प्रशासन की तरफ से नाम वापसी के बाद निर्दलीय प्रत्याशियों के चुनाव चिह्न भी आवंटित किए जाएंगे।
नामांकन के बाद लोकसभा चुनाव के लिए 18 दावेदार मैदान में थे लेकिन जिला निर्वाचन अधिकारी की जांच के बाद सांसद डाॅ. एसटी हसन, भारत युग पार्टी के प्रदीप यादव, वैदिक समाजवादी पार्टी के संदीप त्रिवेदी, निर्दलीय सरताज आलम और शीशपाल के नामांकन निरस्त कर दिए गए।
बताया गया कि सांसद के अलावा चार लोगों के शपथपत्र में कमियां थी। डीएम कार्यालय ने इस मामले में संशोधित शपथपत्र सुबह 11 बजे तक प्रस्तुत करने के लिए समय दिया था लेकिन निर्धारित समय पर वे शपथपत्र प्रस्तुत नहीं कर सके। इस वजह से डीएम ने चारों के नामांकन पत्र निरस्त कर दिए।
इस कार्रवाई के बाद अब 13 प्रत्याशी चुनावी मैदान में शेष रह गए हैं। इनमें बसपा के इरफान सैफी, भाजपा के कुंवर सर्वेश कुमार, सपा की रुचि वीरा, अपना हक पार्टी के अजय यादव, राष्ट्रीय कांग्रेस (जे) पार्टी के गंगाराम शर्मा, भारतीय बहुजन समता पार्टी के ओंकार सिंह, समता पार्टी के शकील अहमद, सोशलिस्ट यूनिटी सेंटर ऑफ इंडिया (कम्युनिस्ट) के हर किशोर सिंह, निर्दलीय अमरजीत सिंह, मो. जमशेद, मुसर्रत हुसैन, निर्दलीय वकी रशीद, निर्दलीय भाजपा प्रत्याशी कुंवर सर्वेश कुमार की पत्नी साधना सिंह शामिल हैं।