उत्तर रेलवे मजदूर यूनियन का यूनिफाइड पेंशन स्कीम को लेकर विरोध जारी है। कर्मियों ने इसे ओपीएस से कमजोर बताया है। कहा कि यूपीएस में संशोधन कर पुरानी पेंशन जैसी सुविधाएं दी जाए।
यूनिफाइड पेंशन स्कीम को ओपीएस से कमजोर बताकर उत्तरीय रेलवे मजदूर यूनियन विरोध प्रदर्शन कर रही है। संगठन का कहना है कि यूपीएस में संशोधन कर पुरानी पेंशन जैसी सुविधाएं दी जाए। इसे लेकर 23 सितंबर से संगठन का विरोध प्रदर्शन जारी है। बुधवार को उरमू के पदाधिकारियों ने रेलवे अस्पताल के बाहर धरना प्रदर्शन किया।
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मंडल मंत्री शलभ सिंह के अगुवाई में कार्यकर्ता जुटे और मांगों को लेकर नारेबाजी की। बारिश के बीच प्रदर्शन जारी रहा। संगठन की मांग है कि यूपीएस में संशोधन कर 12 माह के औसतन वेतन या अंतिम वेतन का आधा दोनों में से जो अधिक हो, वह दिया जाए। एक जनवरी 2004 के बाद एनपीएस में 10 प्रतिशत कामगार के वेतन से कटता है।
ग्रेच्युटी के अलावा छह माह का एक मुश्त वेतन व महंगाई भत्ता दिया जाए। यूपीएस में 40 प्रतिशत का कम्युटेशन लागू किया जाए। विरोध प्रदर्शन में नितिन कुमार, संतोष यादव, शेखर ठाकुर, धर्नवीर, केके पांडे, आकाश, सिद्धार्थ शंकर, अंकित कुमार, चंद्र शेखर, रोहित कुमार आदि मौजूद रहे।