मूर्ति बाजार में आया उछाल
मूर्ति कारोबारी मुकेश अग्रवाल का कहना है कि एक अनुमान है कि आखिरी के तीन दिन में करीब दस करोड़ का हुआ है। यदि एक जनवरी के बाद से अब तक बात करें तो 50 करोड़ से अधिक की मूर्तियां बिकी हैं। ऐसा लग रहा था कि रामराज्य आ गया है। हर किसी को श्रीराम चाहिए थे। ऐसा देखा है कि शादी-ब्याह में राधा-कृष्ण की मूर्तियां देते थे, उन्होंने भी राम दरबार की खरीदारी की है। लोगों ने दिल से उत्साहित थे।
करीब डेढ़ सौ स्थानों पर लगे भंडारा
शहरवासी प्राण प्रतिष्ठा के उपलक्ष्य में करीब डेढ़ सौ स्थानों पर भंडारा हुआ। शहर के प्रमुख मंदिर, चौराहों समेत व्यक्तिगत तौर पर भी लोग जगह-जगह पंडाल में प्रसाद वितरित किया गया। घी, तेल, आटा, चावल, मसाले, सब्जियों की जमकर बिक्री हुई।
- 50 करोड़ का पीतल की मूर्ति
- दस करोड़ सराफा बाजार
- पांच करोड़ कपड़ा, भगवा ध्वज, पता, सजावट सामग्री
- एक करोड़ रुपये इलेक्टि्रकल, इलेक्ट्रॉनिक्स, झालर
- सात करोड़ मिठाई, दीये
- छह करोड़ रुपये घी, तेल, रिफाइंड, मसाले, रोशन, गजक
- एक करोड़ रुपये फूल, आतिशबाजी