योगी सरकार के खेल मंत्री चेतन चौहान अधिकारियों को इंतजार कराकर बिना समीक्षा बैठक किए लौट गए। अलबत्ता बंद कमरे में सांसद की मौजूदगी में कमिश्नर, डीआईजी और एसएसपी के साथ करीब पौन घंटे मीटिंग की।
बाद में कार्यकर्ताओं से बातचीत कर चले गए। जबकि युवा कल्याण, खेल, कौशल विकास से जुड़े अधिकारी मंत्री जी का ढाई घंटे इंतजार करते रहे। खेल, युवा कल्याण, कौशल विकास मंत्री चेतन चौहान तय कार्यक्रम के मुताबिक शुक्रवार दोपहर तीन बजे सर्किट हाउस में विभागीय अधिकारियों के साथ समीक्षा मीटिंग होनी थी।
युवा कल्याण अधिकारी नरेश चौहान, क्षेत्रीय क्रीड़ाधिकारी मुद्रिका पाठक, जिला क्रीड़ाधिकारी राजेश कुमार, पालीटेक्निक कालेज के प्रिंसिपल सहित अन्य अधिकारी समय से पहले ही सर्किट हाउस पहुंच गए। इस बीच कमिश्नर, डीआईजी और एसएसपी भी पहुंच गए। लेकिन मंत्री जी करीब डेढ़ घंटे बाद साढ़े चार बजे सर्किट हाउस पहुंचे।
स्वागत के बाद वह सीधे कमरे में दाखिल हुए, जहां पहल से मौजूद कमिश्नर, डीआईजी, एसएसपी के साथ मीटिंग हुई। ये मीटिंग बंद कमरे में पौन घंटे चलती रही। जबकि बाहर समीक्षा बैठक के लिए अधिकारी मंत्री के विभागीय अधिकारी उनका इंतजार करते रहे।
मीटिंग के फारिग होकर वह कार्यकर्ताओं से मिले और बिना समीक्षा मीटिंग किए वह अगले कार्यक्रम के लिए निकल गए। करीब ढाई घंटे के इंतजार के बाद अधिकारी भी मायूस होकर चले गए।