बिलारी। तहसील में बार एसोसिएशन के न्यायिक कार्य स्थगन के दौरान बुधवार दोपहर तहसीलदार कोर्ट से मुकदमों में सुनवाई के लिए आवाज लगने पर वकील भड़क गए। नाराज वकीलों ने तहसीलदार के खिलाफ विरोध प्रदर्शन करते हुए पूरे तहसील परिसर में जुलूस निकाला और लगातार तीसरे दिन तहसीलदार कोर्ट में न्यायिक कार्यों का बहिष्कार जारी रखा।
तहसील बार एसोसिएशन का आरोप है कि बिलारी में आए नए तहसीलदार ने वकीलों से परिचय न करके पुरानी परंपरा का निर्वहन नहीं किया है और युवा वकीलों के प्रति उपेक्षित रवैया अपनाया है। तहसीलदार पर उपेक्षा का आरोप लगाते हुए बिलारी के वकील बीते सोमवार से उनकी अदालत में न्यायिक कार्यों का बेमियादी बहिष्कार किए हुए हैं। उधर तहसीलदार का कहना है कि बिना परिचय हुए उन पर किसी वकील की उपेक्षा करने का आरोप लगाना पूरी तरह गलत है।
बुधवार सुबह वकीलों के पहुंचने पर तहसील परिसर में तहसील बार एसोसिएशन की आपात बैठक बुलाई गई। बैठक में एक स्वर से मांग उठी कि तहसीलदार ने वकीलों से वार्ता करने के लिए कोई सम्मानजनक पहल नहीं की है लिहाजा तहसीलदार के खिलाफ बेमियादी कार्य बहिष्कार जारी रखा जाए। वकीलों द्वारा अदालत में कार्य स्थगन रखने के दौरान दोपहर को लगभग एक बजे अचानक तहसीलदार कोर्ट से पेशकार ने मुकदमों की सुनवाई के लिए आवाज लगवा दी। जैसे ही वकीलों को इस बात की जानकारी मिली तब तहसील बार एसोसिएशन के पदाधिकारियों समेत अनेक वकील तहसील कोर्ट के गेट के सामने जमा हो गए और न्यायिक कार्य स्थगन के दौरान अदालत से मुकदमों की आवाज लगवाने के विरोध में प्रदर्शन शुरू कर दिया।
वकीलों ने पूरे तहसील परिसर में तहसीलदार के खिलाफ नारेबाजी करते हुए जुलूस निकाला। वकीलों ने तहसीलदार कोर्ट और तहसीलदार कार्यालय के अलावा एसडीएम कोर्ट और तहसील के गेट के सामने पहुंचकर प्रदर्शन किया। प्रदर्शन करने वालों में तहसील बार एसोसिएशन के अध्यक्ष विनय कुमार सिंह और महासचिव सुनील कुमार के अलावा बड़ी संख्या में वकील मौजूद रहे।
तहसील बार एसोसिएशन के अध्यक्ष ने बताया कि तहसीलदार लगातार वकीलों के प्रति उपेक्षित रवैया अपना रहे हैं। तहसील बार एसोसिएशन ने तय किया है कि तहसीलदार के खिलाफ बेमियादी लंबा आंदोलन चलाया जाएगा। जरूरत पड़ने पर मुरादाबाद जनपद की अन्य तहसीलों की बार एसोसिएशनों से भी सहयोग लिया जाएगा। उधर, तहसीलदार अवनींद्र कुमार शुक्ल ने फिर दोहराया है कि उनका वकीलों से किसी तरह का कोई मतभेद नहीं है। उन्होंने किसी भी बार सदस्य के प्रति कोई उपेक्षित रवैया नहीं अपनाया है।