मुरादाबाद। सूरज की तपिश और गर्म हवा के बीच कुर्बानी के लिए आए बकरे हांफने लगे हैं। बुखार से तप रहे बकरे हीट स्ट्रोक का शिकार हो रहे हैं। शहर के राजकीय पशु अस्पताल में राेजाना लोग 12 से 15 बकरे लेकर पहुंचे रहे हैं। जिन्हें बुखार, जुकाम, भूख न लगने और दस्त की शिकायत हो रही है। चिकित्सकों के मुताबिक जो बकरे अस्पताल लाए जा रहे हैं उनमें कई को 106 डिग्री तक बुखार निकल रहा है।
28 मई को बकरीद मनाई जाएगी। इस माैके पर मुस्लिम समुदाय के लोग जानवरों की कुर्बानी देते हैं। शहर और ग्रामीण इलाकों में जानवरों के बाजार भी सजने लगे हैं। जहां से लोग छोटे-बड़े जानवरों की खरीदारी कर रहे हैं। वहीं माैसम की बेरुखी इन जानवरों की सेहत पर भारी पड़ रही है। खासकर बकरों पर। शरीर झुलसा देने वाली तपिश और गर्म हवा बकरों को बीमार बना रही है। बकरे हीट स्ट्रोक की जद में आने लगे हैं। बुखार से तपते बकरों को लेकर लोग राजकीय पशु अस्पताल पहुंचने लगे हैं। यहां रोजाना 12 से 15 बकरे ऐसे आ रहे हैं जिन्हें बुखार, जुकाम, झींकने, कमजोरी, दस्त की शिकायत रहती है। चिकित्सकों का कहना है कि कई बकरों का बुखार नापने पर 106 डिग्री तक आया है। इसमें अधिकांश बकरे बाजारों से कुछ दिन पहले की खरीद कर लाए गए हैं। डाॅक्टरों के मुताबिक इस तपिश भरी गर्मी में बकरों के बीमार होने का खतरा अधिक रहता है। यही वजह है कि बकरों में हीट स्ट्रोक के मामले सामने आ रहे हैं।
00
केस एक
मुरादाबाद। शहर के मकबरा निवासी मोहम्मद दानिश ने करीब 15 दिन पहले रामपुर दाेराहा पर लगे बाजार से बकरा खरीदा था। दो दिन पहले बकरा बीमार पड़ गया। बुधवार को पशु अस्पताल ले गए। जहां जांच की गई तो बकरे को 106 डिग्री बुखार था। बृहस्पतिवार को दोबारा जांच कराया तो बुखार 102 डिग्री था। अब बकरे की सेहत में सुधार है।
00
केस दो
मुरादाबाद। सिविल लाइंस क्षेत्र में रहने वाले हमजा ने मंगलवार की रात ईदगाह के पास से राजस्थानी बकरे को खरीदा था। बुधवार को बकरे की तबीयत बिगड़ गई। वह सुस्त रहने लगा। बृहस्पतिवार को वह बकरे को लेकर पशु अस्पताल पहुंचे। जांच में बकरा बुखार से पीड़ित पाया गया। उसे 104 डिग्री बुखार था।
00
- इस माैसम में बकरों में हाई फीवर की शिकायत होती है। हीट स्ट्रोक के कारण बुखार 106 डिग्री तक पहुंच जा रहा है। ये शिकायत उन बकरों में ज्यादा मिल रही है जो बाजार से खरीदकर कुछ दिन पहले ही आए हैं। लगातार बढ़ रही गर्मी में बकरों का खास ख्याल रखना होगा। वरना कुर्बानी से पहले दिक्कत आ सकती है।
- डाॅ. विकास कुमार सिंह, राजकीय पशु अस्पताल
00
ये हैं बकरों में बीमारी के लक्षण
- नाक से पानी आना
- बुखार हो जाना
- खांसते रहना
- बार-बार छींकना
- बहुत तेज से हांफना
00
सलाह
- बकरों को दोपहर में न नहलाएं
- दोपहर में घर से बाहर न निकालें
- सुबह-शाम ही चारे के लिए घर से निकालें
- दूसरे शहरों या राज्यों से आए बकरें की खरीदारी करने से बचें