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गांव मुड़ैना में पहली बार वाल्मीकि परिवार के दरवाजे तक पहुंची बरात

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चंदौसी/धनारी(संभल)। जातीय भेदभाव का मकड़जाल अब भी कुछ स्थानों पर अपना दुष्प्रभाव कायम किए हुए हैं। ऐसे ही दुष्प्रभाव की चपेट में था संभल जिले का मुड़ैना नामक गांव, जहां दूसरी जातियों के विरोध के डर से वाल्मीकि समाज के लोग बेटियों की शादी के समय बरात की चढ़त का कार्यक्रम नहीं करते थे।
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धनारी थाना क्षेत्र के इसी गांव में रहने वाले रविंद्र वाल्मीकि ने एसपी को 27 नवंबर को पत्र देकर अपनी बेटी की शादी के समय दरवाजे तक बरात आने की परंपरा शुरू करने की इच्छा जताई थी। कहा था कि अब तक गांव में वाल्मीकि समाज की बरात न चढ़ने से दूसरी जातियों से विरोध का डर है। एसपी चक्रेश मिश्र ने रविंद्र को हर तरह के सहयोग का भरोसा देते हुए तैयारियों के लिए कहा। साथ ही मामले को गंभीरता से लेते हुए बरात के समय मुस्तैदी के निर्देश दिए।
कन्या और वर पक्ष की तय योजना के मुताबिक बुधवार (01 दिसंबर) को हयातनगर थाना क्षेत्र के गांव मढ़इयां निवासी रंजीत दूल्हा बनकर बरात के साथ गांव मुड़ैना पहुंचा। गांव में पुलिस पहले से मुस्तैद थी। इसके बाद बैंडबाजे, डीजे की धूम के बीच पारंपरिक तरीके से बरात की चढ़त हुई। इस बीच किसी तरह का विरोध सामने नहीं आया। सीओ गुन्नौर राकेश सिंह, थाना धनारी प्रभारी निरीक्षक मुकेश कुमार पुलिस बल के साथ पूरे समय गांव में मौजूद रहे।
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दूल्हा मुंबई में करता है काम
गांव मढ़इयां से दूल्हा बनकर बरात के साथ मुड़ैना आया रंजीत मुंबई में काम करता है। धूमधाम के साथ उसकी बरात की चढ़त हुई। दुल्हन बनी प्रीति ने आठवीं तक की पढ़ाई की है।
ये है गांव का अनुमानित जातिगत आंकड़ा
गांव की करीब पांच हजार की आबादी है। करीब 1800 मुस्लिम, 1800 यादव, शेष ब्राह्मण, कुशवाह, जाटव व वाल्मीकि हैं। गांव में वाल्मीकि समाज के करीब 15 घर हैं।
हमारे गांव मुड़ैना में कुछ लोग वाल्मीकि समाज की बेटियों की बरात की चढ़त नहीं होने देते थे। मैने एसपी को शिकायती पत्र देकर गांव में अपनी बेटी की शादी बरात की चढ़त के साथ पारंपरिक तरीके से कराने की मांग की थी। पुलिस की मौजूदगी में पहली बार वाल्मीकि समाज की बरात की चढ़त हुई है। रविंद्र कुमार, लड़की का पिता
गांव में बरात की चढ़त होने से कोई नहीं रोकता है। वैसे मैं बाहर हूं। मेरे पीछे गांव में यदि ने विरोध किया है तो इसकी जानकारी नहीं है। वैसे अब से पहले वाल्मीकि समाज की बरात की चढ़त नहीं हुई है।
उमेश यादव, ग्राम प्रधानपति मुड़ैना
सभी को शादी समारोह का आयोजन अपनी इच्छा से करने का अधिकार है। गांव मुड़ैना में वाल्मीकि समाज की बरात के विरोध की शिकायत मिली थी। गांव में पुलिस तैनात कर दी गई है। अगर कोई विरोध करता है तो सख्ती से निपटा जाएगा।
चक्रेश मिश्र, एसपी, संभल
गांव मुड़ैना में वाल्मीकि समाज की बरात की चढ़त के विरोध की सूचना या शिकायत किसी परिवार से नहीं मिली। अगर विरोध की बात सामने आती है तो मैं स्वयं मौके पर जाऊंगा और बरात की चढ़त कराई जाएगी। सभी को समानता का अधिकार है।
रामकेश धामा, एसडीएम, गुन्नौर
बग्घी में जुड़े घोड़ों को लगा करंट, मची अफरा तफरी
धनारी। पुलिस की मौजूदगी में गांव मुड़ैना में रंजीत की बरात की चढ़त कराई गई। बरात रात करीब 9.15 बजे दुल्हन के दरवाजे पर पहुंच गई। चढ़त में प्रकाश की व्यवस्था के लिए दूल्हे की बग्घी के पीछे जनरेटर था। जनरेटर से जुड़े तारों से अचानक बग्घी के घोड़ों को करंट लग गया और दोनों घोड़े गिर पड़े। इससे बरात में कुछ देर अफरा तफरी मची रही। जनरेटर हटाकर स्थिति सामान्य की गई।
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