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फेसबुक, व्हाटस-एप के जरिए ढूंढे लुटेरी दुल्हन के लिए दूल्हे

Sat, 17 Feb 2018 02:49 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, मुरादाबाद।
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लुटेरी दुल्हन के इस गिरोह में एक, दो नहीं बल्कि पांच लुटेरी दुल्हन शामिल हैं। गिरोह के सरगना ने इन दुल्हनों से शादी का झांसा देकर यूपी-एनसीआर के लोगों को ठगा है। इनकी संख्या कितनी है, इस बारे मे तो खुद गिरोह की सदस्य गुलशन को भी नहीं पता। इनमें से दो अब सलाखों के पीछे पहुंच गई हैं, जबकि तीन अभी पुलिस की पकड़ से दूर हैं।
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गुलशन ने बताया कि मंसूर के संपर्क में कई लोग हैं जो ऐसे युवकों की तलाश करते थे, जिनकी शादी लड़की न मिल पाने के कारण नहीं हो पाती थी। एक साल से गिरोह सक्रिय है। फेसबुक-व्हाट्स एप के जरिए भी दूल्हों की तलाश होती थी। पहली मुलाकात में ही युवकों को मंसूर बता देता था कि उसके संपर्क में ऐसे परिवार हैं जिनकी बेटियों की शादी आर्थिक तंगी, कर्ज की वजह से नहीं हो पा रही है। 
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इसके बाद कर्ज उतारने, शादी में होने वाली खर्च का हवाला देते हुए वर पक्ष से लाखों रुपये ले लिए जाते थे। रकम का लेन-देन होने के बाद शादी कराई जाती है, इसके बाद मौका लगा तो रास्ते से वरना ससुराल पहुंचने के चंद घंटो बाद ही गिरोह के सदस्य दुल्हन को लेकर भाग निकलते हैं। इस दौरान लुटेरी दुल्हन ससुराल से जेवर, नगदी तक ले जाती है। अंदेशा है कि लुटेरी दुल्हन के इस गिरोह ने 50 से अधिक लोगों को ठगा है। 

इस गिरोह में जो पांच दुल्हन हैं, उनमें नाबालिग से लेकर महिलाएं तक शामिल हैं। ठगी की रकम में से पांच हजार से लेकर 20 हजार रुपये तक शादी से पहले दुल्हन को थमा दिए जाते हैं। इसके बाद अगर ससुराल से भी जेवर, नगदी लेकर भाग निकली तो उसमें से भी उसे हिस्सा दिया जाता है।

 
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कार में दूल्हे ने पकड़ा हाथ तो दूल्हन ने छोड़ा साथ

गुलशन ने पुलिस हिरासत में बताया कि जीजा कासिम उसे घर से लेकर आया था। रुपयों का लेन देन उसकी आंखों के सामने ही हुआ था। इसमें से उसे पांच हजार रुपये दिए गए थे। शादी के बाद वह कार में बैठकर जाने लगी तो दूल्हे ने कार में उसका हाथ पकड़ा, इसलिए उसने रास्ते में ही विरेंद्र का साथ छोड़ दिया। वह पेट दर्द का बहाना बनाकर कार से नीचे उतर गई, इसके बाद कासिम सहित अन्य लोग उसे अस्पताल ले जाने के बहाने साथ में लेकर भाग निकले। गुलशन ने खुद को बेकसूर बताते हुए कहा कि उसने यह पहली शादी की थी, पढ़ी लिखी न होने के कारण उसका फायदा उठाया गया। मैरिज सर्टिफिकेट पर जीजा कासिम ने हस्ताक्षर करवा दिए। वह कहती है कि दूसरे समुदाय के युवक से वह शादी नहीं कर सकती है। हालांकि पुलिस का कहना है कि गुलशन ने झूठ बोला, वह गिरोह की सदस्य है। अंदेशा है कि उसने पूर्व में भी इस तरह की ठगी की।
 

स्कूल गई नहीं लेकिन अंग्रेजी में बात करती है लुटेरी दुल्हन

पुलिस हिरासत में गुलशन ने जब गिरोह की पोल खोलनी शुरू की तो महिला पुलिसकर्मी भी हैरान रह गईं। वह कहती है कि उसके पिता की हत्या उसकी भाभी के भाई ने की थी। घर की आर्थिक स्थिति ठीक न होने के कारण वह बीड़ी बनाने का काम करती थी। वह खुद कभी स्कूल में पढ़ने के  लिए नहीं गई, लेकिन बातें करते वक्त अंग्रेजी के शब्दों का इस्तेमाल कर रही थी। पूछने पर बताया कि इतना तो वह जानती है। 

 
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