कंटेनर ने दो छात्रों को रौंदा, एक घंटे तक हाईवे जाम
अमर उजाला ब्यूरो
भोजपुर (मुरादाबाद)।
थाना क्षेत्र के ग्राम नेकपुर के पास अनियंत्रित आयशर कंटेनर ने शुक्रवार को बैलगाड़ी को टक्कर मार दी, जिसमें बैलगाड़ी में सवार दो छात्रों की मौके पर ही मौत हो गई। एक व्यक्ति गंभीर रूप से घायल हो गया। इस दुर्घटना के बाद एक घंटे तक मुरादाबाद-काशीपुर मार्ग पर जाम लगा रहा। पुलिस ने ग्रामीणों को समझाकर घायल को जिला अस्पताल भेज दिया। वहीं कंटेनर चालक खुद ही थाने पहुंच गया।
थाना क्षेत्र के ग्राम पीपलसाना के मोहल्ला सुंदरनगर निवासी नादिर हुसैन अपनी बैलगाड़ी से अपने खेत पर लौकी और जानवरों का चारा लेने गया था। साथ में उसका तेरह वर्षीय बेटा मौहम्मद अदनान और मोहल्ले का ही मौहम्मद समीर (12) पुत्र शमीम सलमानी भी गया था। शाम को करीब सवा सात बजे तीनों लौकी और चारा लेकर घर लौट रहे थे। इसी समय पीपलसाना रेलवे क्रासिंग और नेकपुर गांव के पास पीछे से कंटेनर ने बैलगाड़ी को टक्कर मार दी। इसमें बैलगाड़ी में सवार छात्र मौहम्मद अदनान और मोहम्मद समीर की मौके पर ही मौत हो गई। अदनान के पिता नादिर हुसैन गंभीर रूप से घायल हो गए। कंटेनर चालक अपनी गाड़ी को लेकर भाग गया, जिस समय यह दुर्घटना हुई वह रोजा इफ्तार का समय था।
सूचना पर पीपलसाना, नेकपुर और मडैया पीपलसाना के ग्रामीणों की भीड़ जमा हो गई। इससे मुरादाबाद-काशीपुर मार्ग पर जाम लग गया। सूचना पर थाना पुलिस मौके पर पहुंची और इसी समय भगतपुर के साथ डिलारी थाने की पुलिस भी आ गई। पुलिस ने भीड़ को समझाया। साथ ही रालोद नेता कामरानुल हक भी मौके पर पहुंचे। घायल नादिर हुसैन को जिला अस्पताल भेजा। इसी बीच कंटेनर चालक अपने वाहन को लेकर थाने पहुंच गया और पुलिस को घटना के बारे में बताया। इसके बाद रालोद नेता ग्रामीणों के साथ थाने आए। उन्होंने मृतक मोहम्मद समीर के पिता शमीम सलमानी की तहरीर पर रिपोर्ट दर्ज कराया। मोहम्मद समीर और अदनान मोहल्ले के ही एक पब्लिक स्कूल के पढ़ते थे। समीर छह बहनों का इकलौता भाई और अदनान दो भाई और छह बहनें हैं। पुलिस ने कंटेनर चालक बंटी कुमार के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की है।
पुलिस ने भीड़ से बचाया कार चालक को
भोजपुर। थाना क्षेत्र के ग्राम नेकपुर के पास शुक्रवार शाम को कंटेनर ने बैलगाड़ी में टक्कर मार दी थी, जिसमें दो छात्रों की मौके पर ही मौत हो गई। मौके पर भीड़ जमा हो गई इसी बीच एक कार चालक भीड़ को अनदेखा कर कार निकाल रहा था। इस पर भीड़ उग्र हो गई और कार चालक को भी गुस्से का शिकार होना पड़ा। इसी बीच पुलिस मौके पर पहुंच गई। उसने ग्रामीणों को समझाकर कार निकलवाई।