बिजनौर का टेंडर खुलने पर बढ़ा था विरोध
प्रार्थनापत्र में ठेकेदार ऋषभ गुप्ता, हरिओम त्रिवेदी, जाकिर खान, बृजेश गुप्ता ने बताया है कि निविदा की शर्तों के अनुसार 10 सितंबर की सुबह दस बजे से लाटरी सिस्टम से निविदाएं खुलनी थी लेकिन समय से पहले अपने चहेतों को ठेका दिलाने के लिए विभाग ने प्रक्रिया शुरू कर दी।
बिजनौर जिले का टेंडर खुला तो विरोध बढ़ गया। इसके बाद आरएफसी ने टेंडर की कार्रवाई रोक दी और 11 सितंबर की सुबह 11 बजे फिर लाटरी सिस्टम से टेंडर की प्रक्रिया शुरू करने के लिए निर्देश दिए। लाटरी सिस्टम से निविदाएं खोली गईं।
दोपहर तीन बजे स्थानीय ठेकेदारों ने मारपीट कर बाहरी ठेकेदारों को भगाना शुरू कर दिया। आरोप लगाया कि मन माफिक ठेकेदारों को टेंडर आवंटित किए गए। इस बारे में स्थानीय पुलिस को सूचना दी गई है। इस मामले में ठेकेदारों ने पूरे घटनाक्रम की जांच कर कार्रवाई करने की गुहार लगाई है।
पुलिस सुरक्षा के बीच आज लाटरी से टेंडर खुलेगा
आरएफसी अनुभव सिंह ने बताया कि ठेकेदारों के बीच मारपीट हुई है लेकिन उसमें कार्यालय का कोई कर्मचारी शामिल नहीं था। बृहस्पतिवार को संभल और रामपुर जिले की कुल 35 निविदाएं खोली गई हैं। घटना को देखते हुए शुक्रवार को पुलिस सुरक्षा के बीच रामपुर के बचे हुए केंद्रों के साथ मुरादाबाद, अमरोहा और बिजनौर की निविदा लाटरी के माध्यम से खोली जाएंगी।
वीडियोग्राफी के बीच हुआ ठेका
आरएफसी का कहना है कि धान कय केंद्रों की हैंडलिंग और परिवहन ठेकेदार की नियुक्ति प्रक्रिया समय से पूरी की गई। पारदर्शिता के लिए पूरे लाटरी सिस्टम की वीडियोग्राफी की गई है। किसी भी निविदादाता ने आपत्ति व्यक्त नहीं की है। लॉटरी समाप्ति के दौरान शाम पांच बजे कतिपय ठेकेदारों द्वारा आपसी रंजिश में लड़ाई झगड़ा किया गया। इस कारण लॉटरी को तत्काल प्रभाव से रोक दिया गया। इस बारे में तत्काल थाना सिविल लाइंस को सूचना दी गई।