इस तरह के वोट जिनका एक फोटो पर अलग अलग नामों से डबल वोट सपा सरकार में प्रत्येक बूथ एवं ग्राम पंचायत में किया गया है। आरोप है कि सपा नेताओं ने और फर्जी ज्ञापन देने वालों ने बीएलओ को धमकाया कि सपा की सरकार आएगी तो आपकी खैर नहीं है। जिससे बीएलओ डरे और सहमे हैं। यह लोग सरकारी कार्य और चुनाव आयोग के कार्य में भी बाधा डाल रहे हैं। केवल मुस्लिम समाज में भ्रम भड़काना, गुमराह करना, जातीय एवं धार्मिक उन्माद फैलाने का प्रयास किया है। थाना प्रभारी प्रदीप सहरावत का कहना कि मुकदमे की विवेचना कर साक्ष्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
सात साल से अधिक समय से उत्तर प्रदेश में भाजपा सरकार चल रही है और लोकसभा और विधानसभा के कई चुनाव हो चुके हैं। हर चुनाव से पहले मतदाता सूची का पुनीक्षण कार्यक्रम चलता रहा है। डीएम को ज्ञापन में दिया गया कि मतदाता सूची में मेरे पिता को मृत दर्शाया कर नाम काटा जा रहा है, इसके अलावा परिवार और कुनबे के कुछ लोगों के नाम काटे जा रहे हैं और दो अविवाहित भतीजियों को विवाहिता दर्शाने की बात कही थीं। आरोप लगाने वाले शमशाद से हमारा कोई लेना देना नहीं है, जांंच कराने के लिए ज्ञापन दिया गया, जांच की मांग करना हमारा अधिकार है। किसी बीएलओ से कोई बात नहीं हुई है, छवि धूमिल करने, बीएलओ को धमकाने और धोखाधड़ी करने के तमाम आरोप बेबुनियाद है और जांच में वास्तविकता सामने आ जाएगी। - हाजी मोहम्मद रिजवान, पूर्व सपा विधायक कुंदरकी