मुरादाबाद। आयुष्मान भारत-प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना के तहत गलत भुगतान लेने वाले नौ अस्पतालों की आयुष्मान संबद्धता निलंबित कर दी गई है। आयुष्मान की स्टेट एजेंसी साचीज ने यह कार्रवाई की है। निलंबन अवधि में यह अस्पताल आयुष्मान भारत योजना के तहत किसी का उपचार नहीं कर पाएंगे। छजलैट के सकीना अस्पताल को छोड़कर अन्य आठ संचालकों ने भुगतान की राशि वापस कर दी है। प्रदेश भर में ऐसे 39 अस्पताल हैं, जिन्हें गलत तरीके से भुगतान मिला। साचीज के अधिकारियों-कर्मचारियों की आईडी का दुरुपयोग कर लगभग 2.2 करोड़ रुपये की राशि भेज दी गई थी। पोर्टल के माध्यम से अनियमित तरीके से किए गए भुगतान के मामले में साचीज प्रबंधन ने रिपोर्ट भी दर्ज कराई है। इस मामले की जांच भी चल रही है।
जानकारों का कहना है कि एजेंसी के कई अधिकारी और कर्मचारी इसमें फंस सकते हैं। चूंकि भुगतान के लिए क्लेम की राशि को तीन डेस्क चेक करती हैं।
तीनों के स्तर से गड़बड़ कैसे हुई, यह सवाल भी उठ रहा है। फिलहाल जिन अस्पतालों को अनियमित भुगतान मिला उन्हें योजना से निलंबित कर दिया गया है। अनियमित भुगतान की राशि वापस करने के लिए वसूली नोटिस भेजा गया है।
मुरादाबाद के नाै अस्पतालों में से आठ के संचालकों ने भुगतान की राशि वापस कर दी है। सिर्फ छजलैट के सकीना अस्पताल ने रुपये नहीं लौटाए हैं।