अखिलेश यादव के आह्वान पर आसपास के जनपदों के सपा कार्यकर्ता रामपुर गए थे। प्रशासन की मुस्तैदी के आगे पड़ोसी जनपदों के कई नेता रामपुर नहीं पहुंच पाए थे। उनको रामपुर की सीमा से बाहर ही रोक लिया गया था। कुछ नेता पहुंच भी गए थे, लेकिन वह जोरदार तरीके से विरोध नहीं जता पाए थे। तब यह माना गया था कि अखिलेश यादव ने इस प्रदर्शन से दूरी बना ली थी, जिस वजह से यह विरोध प्रदर्शन असर नहीं छोड़ पाया था।
आजम पर दर्ज हो चुके हैं 80 मुकदमे
सांसद आजम खां पर किसानों की जमीन कब्जाने, लूट, डकैती, भैंस खुलवाने, धमकी देने सहित अन्य कई गंभीर धाराओं में 80 मुकदमे दर्ज हैं। कई मुकदमों में पुलिस चार्जशीट भी लगा चुकी है। सेशन कोर्ट से लगभग 35 मामलों में उनकी जमानत की अर्जी खारिज हो चुकी है। कई मामलों में कोर्ट नेे उनको तलब भी कर रखा है।
रामपुर में लागू है धारा 144
पूर्व मुख्यमंत्री नौ सितंबर को रामपुर आकर किस तरीके से विरोध जताते हैं यह देखने वाली बात होगी। धरना-प्रदर्शन की प्रशासन शायद ही अनुमति दे, क्योंकि जिले में दो अक्तूबर तक के लिए धारा 144 लागू है। ऐसे में प्रशासन का क्या रुख रहता है, यह भी देखने वाली बात होगी।
शाम चार बजे रामपुर पहुंचे अखिलेश
सपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव का जो कार्यक्रम जारी हुआ है, उसके मुताबिक वह नौ सितंबर को शाम चार बजे रामपुर पहुंचे। नौ सितंबर को उनका रात्रि विश्राम भी रामपुर में ही है। इसके साथ ही पार्टी की ओर से यह अवगत कराया गया है कि शेष कार्यक्रम रामपुर में ही तय होंगे। सपा और अखिलेश यादव की ओर से यह साफ नहीं किया गया है कि उनका यहां पर कार्यक्रम क्या होगा।
पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव की पत्नी डिंपल यादव को रामपुर शहर विधानसभा सीट से सपा का प्रत्याशी बनाए जाने की चर्चा है। ऐसा माना जा रहा है कि सपा डिंपल को यहां चुनाव लड़ाकर उनको आसानी से विधानसभा में भेज सकती है। ऐसे में डिंपल विधानसभा में भी पहुंच जाएंगी और आजम खां का मान-सम्मान भी बना रहेगा।
हालांकि इस बात की पुष्टि अभी नहीं हुई है। विधायक अब्दुल्ला आजम का कहना है कि उप चुनाव प्रत्याशी कौन होगा, अभी यह तय नहीं है। आजम खां और पार्टी जिसे चाहेगी वह चुनाव लड़ेगा, लेकिन एक बात तय है प्रत्याशी चाहे जो भी हो वह भारी मतों से जीतेगा।
मुलायम भी आ सकते हैं रामपुर
सपा के संरक्षक और पूर्व मुख्यमंत्री मुलायम सिंह यादव भी रामपुर में अपना डेरा डाल सकते हैं। सपा के सूत्रों के मुताबिक विधानसभा उप चुनाव का एलान होने के बाद मुलायम सिंह रामपुर आ सकते हैं। जानकारों की माने तो मुलायम सिंह आजम खां से वादा कर चुके हैं कि रामपुर विधानसभा सीट पर उप चुनाव वह अपनी देखरेख में करवाएंगे।