मुरादाबाद। जोनल टैक्स फेडरेशन ने राज्य कर के अपर आयुक्त को जीएसटी रिफंड एवं नोटिस की समस्याओं से अवगत कराया। आरोप लगाया कि जीएसटी रिफंड के आवेदनों को एक विशेष धारा के तहत खारिज किया जा रहा है। अपर आयुक्त ने इन समस्याओं पर विचार करने का आश्वासन दिया।
जोनल टैक्स फेडरेशन के अध्यक्ष अधिवक्ता जहीर मलिक के नेतृत्व में मंगलवार को एक प्रतिनिधिमंडल ने राज्य कर के एडिशनल कमिश्नर ग्रेड-1 अशोक कुमार सिंह से मुलाकात की। इस दौरान प्रतिनिधिमंडल ने बताया कि धारा 54 के अंतर्गत प्रस्तुत रिफंड आवेदनों को कथित चेन सिस्टम के आधार पर अस्वीकृत किया जा रहा है। वहीं धारा 54 सीजीएसटी नियम 89 और परिपत्र संख्या 125/44/2019- जीएसटी में इसे अस्वीकृति का स्वतंत्र आधार नहीं बताया गया है। रिफंड का निर्णय कानूनी प्रावधानों, अभिलेखों और तथ्यों के आधार पर होना चाहिए। उन्होंने कहा कि रिटर्न में विसंगति पर सीधे धारा 73/74 के तहत नोटिस जारी हो रहे हैं। धारा 61 एवं नियम 99 के तहत संवीक्षा की व्यवस्था है। इसके लिए सीबीआईसी के निर्देशों का पालन होना चाहिए। रिफंड में देरी से होने से छोटे एवं मध्यम व्यापारियों की कार्यशील पूंजी प्रभावित हो रही है। इसलिए रिफंड का समयबद्ध, निष्पक्ष और एकरूप निस्तारण किया जाना चाहिए। एडिशनल कमिश्नर ने समस्याओं पर विचार कर आवश्यक कार्रवाई कराने का भरोसा दिया। प्रतिनिधिमंडल में चेयरमैन अधिवक्ता गुफरान मजीद, महासचिव क्षितिज शर्मा, वरिष्ठ उपाध्यक्ष अधिवक्ता अंजार हुसैन एवं मीडिया प्रभारी अधिवक्ता गौरव गुप्ता आदि शामिल रहे।