बहन का उपचार कराने जिला अस्पताल पहुंचे भाजपा के गजरौला मंडल मंत्री ने डॉक्टरों व स्टाफ पर कमरे में बंद कर मारपीट और गालीगलौज करने का आरोप लगाया है। फोन पर शिकायत की तो सीएमओ ने भी सीएमएस से बात करने का हवाला देकर पल्ला झाड़ लिया। आरोप है कि डॉक्टरों ने बहन का इलाज करने की बजाय उसे मेरठ के लिए रेफर कर दिया।
गजरौला के रहने वाले शक्ति सिंह भाजपा के गजरौला मंडल मंत्री है। उनकी बहन लक्ष्मी बीमार चल रही हैं। लिहाजा शुक्रवार की शाम शक्ति सिंह अपनी बहन लक्ष्मी को लेकर जिला अस्पताल के इमरजेंसी वार्ड में भर्ती कराया था। शनिवार की सुबह लक्ष्मी सीने में बेचैनी के चलते करहा रही थी। तभी भाजपा नेता ने चिकित्सकों से लक्ष्मी का सही से चेकअप करने के लिए कहा। आरोप है कि चिकित्सकों ने कह दिया कि मशीन लक्ष्मी का स्वास्थ्य ठीक बता रही है। इस पर भाजपा नेता ने कहा कि अगर मशीन ठीक बता रही है, तो वह इतनी बेचैन क्यों है। इस पर डॉक्टर ने कह दिया कि लड़कियां इस तरह का ड्रामा करती ही हैं। डॉक्टर के बेतुके बयान पर भाजपा नेता ने नाराजगी जताई। उन्होंने ठीक से उपचार करने के लिए कहा। आरोप है कि इस पर चिकित्सक भड़क गए और गालीगलौज करने लगे। विरोध करने पर अन्य चिकित्सक और अप्रेंटिस करने वाला स्टाफ मौके पर आ गया। आरोप है कि सभी ने मिलकर भाजपा नेता शक्ति सिंह को कमरे में बंद कर उनके साथ हाथापाई की। सुरक्षा गार्ड डंडे से मारने के लिए उतारू हो गए। अस्पताल में अप्रेंटिस करने वाले छात्रों ने भाजपा नेता का मोबाइल छीनने की कोशिश करने का आरोप है।
भाजपा नेता ने सीएमओ डॉ.संजय अग्रवाल को फोन कर घटना की जानकारी दी तो उन्होंने सीएमएस से बात करने का हवाला देकर पल्ला झाड़ लिया और कह दिया कि वह कहीं बाहर हैं। इस दौरान बड़ी संख्या में एकत्र हुए डॉक्टर व स्टाफ में से कुछ ने भाजपा नेता को बचाया। भाजपा नेता ने डॉक्टरों के बर्ताव संबंध में पार्टी के जिलाध्यक्ष ऋषिपाल नागर, युवा मोर्चा के जिला अध्यक्ष शुभम चौधरी और गजरौला मंडल के अध्यक्ष को जानकारी दी। जानकारी मिलने पर भाजपा के कुछ पदाधिकारी जिला अस्पताल भी पहुंचे, लेकिन सीएमएस और आरोपी डॉक्टर मौके पर नहीं मिले। इस पर वह वापस लौट आए। भाजपा नेता का आरोप है कि डॉक्टरों ने इलाज करने की बजाय उनकी बहन को मेरठ के लिए रेफर कर दिया। पार्टी के पदाधिकारी से मारपीट के बाद भाजपाइयों में डॉक्टरों के प्रति रोष व्याप्त है। मामले में किसी पक्ष की तरफ से कोई कानूनी कार्रवाई नहीं की गई है।
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मेरे पास फोन आया था तो मैंने उन्हें सीएमएस से बात करने के लिए बोल दिया था। इसके बाद क्या हुआ मुझे जानकारी नहीं है।-
डॉ. संजय अग्रवाल, सीएमओ
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मंडल मंत्री का मेरे पास फोन आया था। तो मैंने उन्हें रिपोर्ट दर्ज कराने के लिए कह दिया था। मामले की जांच हो जाएगी। जांच होगी तभी तो स्पष्ट होगा कि गलती किसकी है।- ऋषिपाल नागर, जिलाध्यक्ष, भाजपा
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शुक्रवार की शाम भाजपा नेता ने किसी मरीज को अस्पताल में भर्ती कराया था। शनिवार सुबह ऊंची आवाज में बात करने को लेकर कहासुनी की बात सामने आई है। मारपीट करने के आरोप गलत हैं।-
डॉ. चरन सिंह, चिकित्सा अधीक्षक, जिला अस्पताल