पिता द्वारा दिए गए सियासी मंत्र के आधार पर ही वह सियासी भविष्य की तलाश करेंगे। फिलहाल उनकी खामोशी ने सियासी दलों के नेताओं की धड़कनों को तेज कर दिया है। सियासी दल के नेता अब्दुल्ला के अगले कदम का इंतजार कर रहे हैं।
इसको लेकर भी सियासी गलियारों में चर्चा बनी है। नदवी और सपा नेता आजम खां के परिवार के बीच दूरियां लगातार बनी हुई हैं। सपा टिकट मिलने से लेकर सांसद बनने तक के सफर में दोनों के बीच दूरियां बनी रहीं। अभी भी यह दूरियां लगातार बनी हुई हैं। आजम समर्थकों ने उनके चुनाव का बहिष्कार भी किया था।