आप सांसद और यूपी प्रभारी संजय सिंह ने कहा कि यूपी के विधानसभा चुनाव में महिलाओं को 40 फीसदी टिकट देने की कांग्रेस की घोषणा महज चुनावी स्टंड है। उन्होंने स्पष्ट किया कि उनकी पार्टी से किसी का गठबंधन नहीं है। आम आदमी पार्टी प्रदेश की सभी 403 सीटों पर दिल्ली मॉडल के मुद्दे पर चुनाव लड़ेगी। प्रदेश में अगर आम आदमी की सरकार बनती है, तो किसानों को उनकी बेची गई फसल का भुगतान 24 घंटे के भीतर मिलेगा।
रविवार को पार्टी नेता डॉ. एपी सिंह के आवास पर पत्रकारों से वार्ता में आप सांसद संजय सिंह ने भाजपा और कांग्रेस पर हमला बोला। कांग्रेस ने चार दशक से अधिक समय तक देश में राज किया। कांग्रेस 33 फीसदी महिलाओं के आरक्षण का बिल भी लाई, लेकिन इसे संसद से पास क्यों नहीं कराया। भाजपा भी महिलाओं को आरक्षण देने की बात कहती है, लेकिन वह भी इसे संसद में पास नहीं करा सकी। कांग्रेस यूपी में महिलाओं को 40 फीसदी आरक्षण की बात कह रही है, लेकिन पंजाब, उत्तराखंड और गोवा में वह ऐसा क्यों नहीं कर रही। इससे साफ है कि कांग्रेस का यह सिर्फ चुनावी स्टंड है।
उन्होंने कहा कि भाजपा की सरकार हर मुद्दे पर विफल रही। किसान को फसल का दाम मांगने पर लाठी और आंसू गैस के गोले मिलते हैं। नौजवान को रोजगार मांगने पर लाठी, मुकदमा और रासुका जैसी कार्रवाई मिलती है। खाद के लिए किसान लाइन में लगकर मर जा रहा है। कानून व्यवस्था पूरी तरह ध्वस्त हो चुकी है। आगरा में कार के अंदर युवती से गैंगरेप की घटना हुई है। मुरादाबाद में कहीं मासूम बच्ची से दुष्कर्म होने की घटना होती है तो कहीं पुलिसकर्मी द्वारा पिस्टल के दम पर रेप की घटना। इस प्रकार की घटनाएं शर्मनाक है।
उन्होंने कहा कि महंगाई चरम पर है। इसके चलते यूपी की जनता अब बदलाव चाहती है। आम आदमी पार्टी अपने मुद्दों के साथ चुनाव मैदान में उतरी है। यूपी में अगर आप की सरकार बनती है तो हर साल दस लाख नौ जवानों को सरकारी नौकरी दी जाएगी। जब तक नौकरी नहीं मिलती तब तक पांच हजार रुपये बेरोजगारी भत्ता देने का काम करेगी। पुराना बिजली का बिल माफ किया जाएगा। लोगों को 300 यूनिट बिजली मुफ्त दी जाएगी। प्रदेश का 25 फीसदी बजट शिक्षा पर खर्च करेंगे। संजय सिंह ने कहा कि यूपी विधानसभा चुनाव में उनकी पार्टी के साथ किसी अन्य पार्टी का फिलहाल कोई गठबंधन नहीं है। आम आदमी पार्टी प्रदेश की सभी 403 सीटों पर अपने प्रत्याशी मैदान में उतारेगी। 200 प्रत्याशियों की इसमें घोषणा भी की जा चुकी है। शेष प्रत्याशियों की घोषणा भी शीघ्र कर दी जाएगी।
उन्होंने कहा कि चुनाव में हार का डर भाजपा को सता रही है, जिसकी वजह से वह कोरोना का हौवा खड़ा कर रही है। उन्होंने कहा कि मोदी और योगी पहले अपनी रैलियों पर पाबंदी लगाएं, तब विपक्ष से इसके लिए कहें। उन्होंने कहा कि अगर चिकित्सक कहते हैं कि रैलियों पर पाबंदी लगनी चाहिए, तो उसका सभी को अक्षरश: पालन करना चाहिए। इससे पहले, लखनऊ में दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल की दो जनवरी को होने वाली ब्यवस्था बदलो रैली की तैयारी की पार्टी कार्यकर्ताओं के साथ समीक्षा की।
नोट बरामदगी मामले में भाजपा को घेरा
कानपुर में इत्र व्यापारी के घर से भारी संख्या में नोटों की बरामदगी के मामले में संजय सिंह ने भाजपा सरकार को घेरने की कोशिश की। उन्होंने कहा कि कुछ लोग व्यापारी के सपा से तो कुछ भाजपा से जुड़े होने के बात कह रहे हैं, लेकिन सबसे बड़ी बात यह है कि नोटों का इतना बड़ा जखीरा एकत्र होता रहा और सरकार सोती रही। इस मामले में सख्त कार्रवाई होनी चाहिए। क्योंकि यह भ्रष्टाचार का जीता जागता एक बहुत बड़ा उदाहरण हैं।