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400 विद्यार्थियों की फीस ‘लापता’ 

Tue, 09 Aug 2016 12:15 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला/मुरादाबाद
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लापरवाही - फोटो : demo
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हिंदू कॉलेज में फीस को लेकर गड़बड़झाला सामने आ रहा है। सामान्य और ओबीसी वर्ग के चार सौ से ज्यादा विद्यार्थियों की फीस ‘लापता’ हो गई है। बैंक रिकार्ड में उनकी फीस जमा नहीं हुई है जबकि विद्यार्थी बैंक रसीद दिखा रहे हैं। इन विद्यार्थियों की मार्कशीट रोक दी गई हैं। साथ ही फीस जमा करने के बाद मार्कशीट दिए जाने के आदेश कर दिए हैं। 
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एमजेपी रुहेलखंड विश्वविद्यालय की ओर से मार्कशीट देरी से भेजी गईं। मार्कशीट नहीं आ पाने के कारण विद्यार्थी आगे की कक्षाओं में एडमिशन नहीं ले पा रहे थे। विश्वविद्यालय ने मार्कशीट तो भेज दीं, लेकिन हिंदू कॉलेज के विद्यार्थी परेशान हो रहे हैं।

कॉलेज में सामान्य वर्ग के चार सौ से अधिक विद्यार्थियों की मार्कशीट फीस जमा नहीं करने के कारण रोक दी गई हैं। बैंक की ओर से आए रिकार्ड के अनुसार इन छात्र-छात्राओं की फीस कॉलेज के खाते में जमा नहीं हुई है। उनको फीस जमा करने के निर्देश दिए जा रहे हैं। जबकि छात्र छात्राएं बैंक चालान की कापी भी दिखा रहे हैं। इसके बावजूद उनको मार्कशीट नहीं दी जा रही हैं। कॉलेज प्रशासन इस मामले की जांच में जुटा हुआ है कि आखिर इतनी बड़ी संख्या में विद्यार्थियों की फीस कहां गई।
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बैंक और कॉलेज के रिकॉर्ड का मिलान कराया जा रहा है। लेकिन अभी खामी पकड़ में नहीं आ रही है। जब तक ये पता नहीं चलेगा कि आखिर फीस कहां गई तब तक मार्कशीट मिलना मुश्किल है। 

बिना फीस जमा कराए कैसे दे दी परीक्षा 
हिंदू कॉलेज के नियमानुसार एडमिशन लिए विद्यार्थियों को सभी प्रपत्रों के साथ बैंक में फीस जमा करने की रसीद भी लगानी होती है। इसके बाद ही एडमिशन की प्रक्रिया पूरी होती है। अगर किसी कारणवश फीस जमा नहीं हो पाती तो परीक्षा से पूर्व उसे हर हाल में फीस जमा करानी ही होगी। छात्र जो फीस जमा करता है उसमें शामिल एग्जाम फीस विश्वविद्यालय को जाती है। छात्र संख्या के अनुसार कॉलेज परीक्षा शुल्क विश्वविद्यालय के खाते में डालता है। इसके बाद ही वहां से एडमिड कार्ड जारी होेते हैं।

अगर कोई विद्यार्थी फीस जमा नहीं करता तो उसे एडमिड कार्ड नहीं दिया जाता। ऐसे में सवाल ये है कि इतनी बड़ी संख्या में छात्र-छात्राओं की फीस का रिकार्ड नहीं मिल पा रहा है तो फीस कहां गई। कॉलेज की ओर रिकार्ड का मिलान क्यों नहीं कराया गया। अगर विद्यार्थियों ने फीस जमा नहीं की तो उनकी परीक्षा फीस कैसे जमा हो गई और उन्होंने परीक्षा कैसे दे दी। यह जांच का विषय है। इस प्रकरण में अभी तक जो बात निकलकर सामने आ रही है वह यह कि पूर्व प्राचार्य की ओर से रिकॉर्ड का मिलान नहीं कराया गया।  


कुछ विद्यार्थियों की फीस का रिकार्ड नहीं मिला है। इन सभी के रिकार्ड का मिलान अब कराया जा रहा है। जो विद्यार्थी फीस रसीद लेकर आ रहे हैं उनका मिलान बैंक रिकार्ड से कराकर मार्कशीट दे दी जाएगी। 
- डॉ. एके अग्रवाल, प्राचार्य हिंदू कालेज 

एससी वर्ग की भी मार्कशीट रुकीं 
एससी-एसटी वर्ग की मार्कशीट भी शासन से स्कालरशिप नहीं मिलने के कारण रोकी गई हैं। स्पष्ट आदेश हैं कि एससी वर्ग के विद्यार्थियों को मार्कशीट तभी दी जाएगी जब वे फीस जमा करा देंगे। कारण ये है कि शासन से मिलने वाली स्कालरशिप विद्यार्थी के खाते में आती है। ऐसे में कालेज छात्रों से फीस जमा कराने के बाद ही मार्कशीट देता है। जबकि विद्यार्थी को उसके खाते में भुगतान हो जाता है। अब ये विद्यार्थी फीस बैंक में जमा कराकर मार्कशीट ले रहे हैं। 
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