ट्रेन में सवार होकर दिल्ली से नैनीताल जा रहे हरियाणा के फौजी की संदिग्ध हालात में मौत हो गई। वह देर रात को कटघर थानाक्षेत्र स्थित अंबेडकर नगर में रेलवे ट्रैक किनारे बेसुध हालत में मिला था। पुलिस ने शुक्रवार को पोस्टमार्टम के बाद शव को परिवार वालों के सुपुर्द किया है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट के अनुसार ट्रेन से गिरने के कारण फौजी के फे फडे़ फट गए थे, जिस वजह से उसकी मौत हुई है। ट्रेन में उन्हें जहरीला पदार्थ खिलाए जाने की आशंका पुलिस ने व्यक्त की है। इसीलिए जांच के लिए विसरा सुरक्षित रखा गया है।
हरियाणा के महेंद्र गढ़ स्थित सहलांग में रहने वाले रजनीश सिंह (36) फौज में सिपाही थे। वह नैनीताल में बतौर सिग्नल मैन कार्यरत थे। वह छुट्टी से वापस जा रहे थे। परिवार वालों ने पुलिस को बताया कि आखिरी बार 11 जुलाई को उनकी फोन पर महेंद्र से बात हुई थी। महेंद्र को दिल्ली से नैनीताल जाने के लिए ट्रेन पकड़नी थी। उन्होंने बताया कि रेलवे स्टेशन पर हैं। दूसरी ट्रेन का इंतजार कर रहे हैं। इसके बाद मोबाइल पर बात नहीं हो पाई थी। एसएचओ कटघर संजय गर्ग ने बताया कि बृहस्पतिवार रात को अंबेडकर नगर फौजी के बेसुध हालत में रेलवे ट्रैक किनारे पड़ा होने की सूचना मिली तो पुलिस मौके पर गई। उन्हें उपचार के लिए जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां पर देर रात उनकी मौत हो गई। शव को मोर्चरी भिजवा दिया गया। पुलिस ने रजनीश के पास मिली आईडी से शुक्रवार को उनकी पहचान के प्रयास किए। परिवार वालों और नैनीताल स्थित आर्मी की यूनिट में सूचना दी गई। नैनीताल से नायब सूबेदार के साथ एक टीम मामले की जानकारी के लिए पहले कटघर थाने फिर पोस्टमार्टम हाउस पहुंची। देर शाम को रजनीश के पिता राजेंद्र सिंह और चाचा भी मुरादाबाद पहुंचे। वह लोग शव को अंतिम संस्कार के लिए महेंद्रगढ़ ले गए हैं।
ट्रेन से खुद गिरे या जहरीला पदार्थ खिलाकर फेंका गया
मुरादाबाद। फौजी रजनीश सिंह के शरीर में नीलापन आने की वजह से पुलिस ने नशीला पदार्थ खिलाने की आशंका जताई है। ट्रेन में अक्सर जहरखुरानी की वारदातें होती हैं, जिसमें जहरीला या नशीला पदार्थ खिलाकर यात्रियों के साथ लूटपाट की जाती है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में अभी तक फौजी को जहर खिलाए जाने की पुष्टि नहीं हुई है, हालांकि विसरा सुरक्षित रखा गया है। अब यह हो रही है कि फौजी खुद ट्रेन से नीचे गिरा या फिर उसे जहरखुरानी गिरोह ने ट्रेन से नीचे फेंका है।
बयान
‘मामले की जांच की जा रही है। परिवार वालों ने रिपोर्ट दर्ज नहीं कराई है, जांच के दौरान जो भी तथ्य प्रकाश में आएंगे, उसके आधार पर कार्रवाई की जाएगी। वह किस ट्रेन में सफर कर रहे थे? यह पता नहीं चला है।’
अंकित मित्तल, पुलिस अधीक्षक नगर