मिर्जापुर। बस्तरा पांडेय स्थित ज्ञान गंगा फीलिंग स्टेशन पर असलहे के बल पर लूट की साजिश वहां काम करने वाले मुनीम ने ही रची थी। कर्ज में डूबे मुनीम ने अपने साथियों के साथ मिलकर पहले औराई में लूट की कोशिश की। इसके बाद लालगंज के बस्तरा पांडेय स्थित पेट्रोल पंप पर लूट की घटना को अंजाम दिया।
यह जानकारी पुलिस अधीक्षक अभिनंदन ने बृहस्पतिवार को पुलिस लाइन सभागार में पत्रकारों से बातचीत के दौरान दी। बस्तरा पांडेय स्थित पेट्रोल पंप पर बीते दो नवंबर को सुबह करीब चार बजे पहुंचे बाइक सवार दो नकाबपोश बदमाश असलहा और धारदार हथियार के बल पर करीब छह लाख रुपये लूटकर फरार हो गए थे। इससे पहले इसी पेट्रोल पंप मालिक के औराई स्थित पंप पर भी बदमाशों ने लूट की असफल कोशिश की थी। बुधवार को पुलिस ने मुठभेड़ में लूट की घटना को अंजाम देने के आरोपी विशाल बिंद उर्फ रंगीलाल निवासी राजपुर आमघाट और नीलय सरकार उर्फ बंगाली दादा को गिरफ्तार किया। मुठभेड़ से पहले लूट की साजिश रचने के आरोपी रोशन पटेल को भी गिरफ्तार कर लिया गया था। पुलिस अधीक्षक अभिनंदन ने बताया कि साजिशकर्ता रोशन पटेल पेट्रोल पंप मालिक सूरज शंकर मिश्र के यहां मुनीम का काम करता था। पूछताछ में रोशन ने बताया कि वह गोवा एप पर ऑनलाइन गेम खेलता है। गेम खेलने के दौरान उसका परिचय गांव के ही रंगीलाल और निलय सरकार से हुआ। तीनों मिलकर ऑनलाइन गेम में जीत-हार के लिए पैसे लगाने लगे। इस दौरान उनके ऊपर लाखों रुपये कर्ज हो गया। पुलिस अधीक्षक ने बताया कि पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि अत्यधिक कर्ज के कारण वे परेशान हो गए थे। कर्ज से मुक्ति के लिए पेट्रोल पंप पर लूट की योजना बनाई। पंप पर शनिवार और रविवार को रुपये जमा नहीं होते हैं। रुपये सोमवार को जमा होते हैं। इसकी जानकारी थी। घटना को अंजाम देने के लिए बाइक गांव के ही विशाल से लिए थे। असलहा और चाकू की व्यवस्था रंगीलाल ने की थी।
आरोपियों ने यह भी बताया कि औराई पेट्रोल पंप पर लूट की योजना में सफल न होने पर वे लालगंज पहुंचे। लूट की घटना को अंजाम देने के बाद हाइवे से बरकछा होते अपने घर आ गए। रंगीलाल के घर पर लूट की धनराशि प्राप्त की गई। लूट की रकम में 135000 रुपये ऑनलाइन गेम में हार गए। नीलय सरकार के हिस्से का 50 हजार अपने खाते में जमा कराकर नीलय के खाते में ट्रांसफर कर दिया। रोशन पटेल दो साल से सूरज शंकर मिश्र के तीन पेट्रोल पंपों का हिसाब रखता था। तीन पंप में से दो औराई और एक लालगंज में है। 18 हजार रुपये प्रतिमाह उसे मिलता था। बीच में वह छह माह के लिए लापता हो गया था। एएसपी ऑपरेशन ओपी सिंह ने बताया कि तीन माह पहले रोशन पटेल ने किसी का एटीएम कोड पूछकर 50 हजार रुपये किसी के खाते में ट्रांसफर कर दिया था। इस मामले में देहात कोतवाली पुलिस उसे पकड़ कर ले गई तो पेट्रोल पंप मालिक उसे बचाने के लिए देहात कोतवाली पहुंचे थे। पेट्रोल पंप मालिक ने उसे एक स्कूटी भी दी थी। उसी स्कूटी से घटना के दो दिन पहले वह रेकी करने औराई गया था।