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Mirzapur News: ट्रैक्टर से जोड़ते समय थ्रेसर के धक्के से सामुदायिक भवन की जर्जर दीवार गरी, बालिका की दबकर मौत

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संतनगर थाना क्षेत्र के खनवर मझारी गांव में ट्रैक्टर में थ्रेशर जोड़ते समय सामुदायिक भवन की जर्जर
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पटेहरा। संतनगर थाना क्षेत्र के खनवर मझारी गांव में ट्रैक्टर में थ्रेसर जोड़ते समय वह सामुदायिक भवन की जर्जर दीवार से धक्का लगा गया। इससे दीवार गिर गई और वहीं खेल रही बालिका की मलबे में दबने से मौत हो गई। पुलिस ने बताया कि पिता की तहरीर पर ट्रैक्टर मालिक हेमचंद के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कार्रवाई की जा रही है। उधर, ग्राम प्रधान प्रतिनिधि बबलू ने बताया कि जर्जर चहारदीवारी के ध्वस्तीकरण के लिए कई बार पत्र दिया गया था। गांव निवासी रविंद्र कुमार का आरोप है कि उसकी बेटी शिखा (7) बुधवार को सामुदायिक भवन के पास बाहर की ओर खेल रही थी। इसी बीच एक व्यक्ति सामुदायिक भवन के सामने खड़े थ्रेसर को जोड़ने के लिए ट्रैक्टर लेकर पहुंचा। ट्रैक्टर से जोड़ते समय बैक हो रहे थ्रेसर के धक्के से जर्जर दीवार गिर गई। इससे दूसरी तरफ खेल रही बालिका पर दीवार का मलबा गिर गया। दीवार गिरने की आवाज सुनकर पंचायत सहायिका सविता चीखते चिल्लाते घटनास्थल पर पहुंची। चीख पुकार सुनकर पास-पड़ोस के लोग भी मौके पर पहुंचे। दीवार के नीचे दबी शिखा को बाहर निकालकर अपने निजी साधन से पटेहरा पीएचसी ले गए। वहां डाॅ. राजकुमार ने उसे देखते ही मृत घोषित कर दिया। मौत की खबर सुनते ही परिजनों में कोहराम मच गया। पिता की तहरीर पर पुलिस प्राथमिकी दर्ज कर मामले की जांच में जुट गई। शिखा अपने एक भाई और एक बहन में सबसे बड़ी थी। वह पथरौर कंपोजीट विद्यालय पथरौर में कक्षा एक की छात्रा थी। पुत्री की मौत से पिता रविंद्र कुमार, माता सरिता का रो-रोकर हाल बेहाल है। थानाध्यक्ष राजेश राम ने बताया कि दीवार गिरने से दबकर बालिका की मौत हो गई। रविंद्र कुमार की तहरीर पर ट्रैक्टर मालिक हेमचंद के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है। मामले की जांच कार्रवाई की जा रही है।
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वर्ष 2020 में बना था भवन और चहारदीवारी की दीवार -पटेहरा। खनवर मझारी गांव में वर्ष 2020 में सामुदायिक भवन व चहारदीवारी का निर्माण कराया गया था। ग्राम प्रधान प्रतिनिधि बबलू ने बताया कि पांच साल में ही चहारदीवारी के साथ-साथ भवन भी जर्जर हो गया है। इसके ध्वस्तीकरण के लिए पत्र दिया गया था। इसी भवन में पंचायत सहायक अपना कार्य करती हैं। भवन की दीवारें भी खिसक रही हैं। आधी से ज्यादा चहारदीवारी गिर चुकी थी। जितना हिस्सा था वो बिलकुल जर्जर हो चुका है।


सिटी में तीन सहित जिले में 15 पंचायत भवन हो चुके हैं जर्जर-मिर्जापुर। जिले के सिटी, पहाड़ी, कोन, मझवां, जमालपुर, राजगढ़, पटेहरा, लालगंज, हलिया, सीखड़, नरायनपुर व छानबे ब्लॉक के कुल 809 ग्राम पंचायत में पंचायत भवन का निर्माण कराया गया है। इसमें 15 पंचायत भवन जर्जर हो चुके हैं। सिटी ब्लाॅक क्षेत्र में बिकना में गांव के मध्य पंचायत भवन पूरी तरह से जर्जर हो गया है। उसी बगल में एक जर्जर भवन में पंचायत कार्यालय संचालित किया जा रहा है। जर्जर पंचायत भवन के पास ग्रामीणों का आना-जाना व छोटे-छोटे बच्चे खेलते रहते हैं। इसके अलावा चितावनपुर, कुशहां को मिलाकर कुल तीन पंचायत भवन जर्जर है। इसी तरह अन्य ग्राम पंचायत में भवन जर्जर है। जिला पंचायत राज अधिकारी संतोष कुमार ने बताया कि जिले में 15 पंचायत भवन चिह्नित कर उसे जर्जर घोषित किया गया है। साथ ही इसके स्थान पर नए भवन के निर्माण के लिए प्रस्ताव तैयार कर शासन को भेज दिया गया है।
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