फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Mirzapur News: अनुदानित विद्यालयों के शिक्षकों को नहीं मिल रही कटौती की जानकारी

विज्ञापन
विज्ञापन
मिर्जापुर। जिले के अनुदानित माध्यमिक विद्यालयों में कार्यरत करीब 1300 शिक्षकों और कर्मचारियों को उनके अंशदान की कटौती की ऑनलाइन जानकारी नहीं मिल पा रही है। यह राशि तकरीबन 10 करोड़ के आसपास बताई जा रही है।
विज्ञापन

नई पेंशन योजना के तहत शिक्षकों और कर्मचारियों के वेतन से 10 प्रतिशत की कटौती होती है। इसके साथ ही राज्य सरकार भी इसमें अपना 14 प्रतिशत अंशदान करती है। वर्ष 2016 से शुरू हुई इस योजना में कुछ वर्षों तक प्रक्रिया ठीक से चली, लेकिन इसमें गड़बड़ी का आरोप लगाया जा रहा है। शिक्षकों का आरोप है कि करीब 32 महीने से उनके अंशदान की प्रविष्टि ऑनलाइन प्रान (परमानेंट रिटायरमेंट अकाउंट नंबर) खाते में दिखाई नहीं दे रही है। मसलन, एक माध्यमिक शिक्षक यदि एक लाख रुपये वेतन के रूप में प्राप्त करता है तो उसके वेतन से 10 प्रतिशत अर्थात 10000 रुपये अंशदान के रूप में कट जाते हैं। इसके साथ ही राज्य सरकार भी अपना 14 प्रतिशत अर्थात 14000 रुपये उसमें देती है। इस प्रकार से एक शिक्षक के खाते में एक महीने का 24 हजार रुपये जमा होना चाहिए। शिक्षकों का आरोप है कि 2021 से यह कटौती उनके प्रान खाते में दिखाई नहीं दे रही है। जिले में 52 अनुदानित विद्यालय हैं। जहां लगभग 1000 शिक्षक और 300 कर्मचारी कार्यरत हैं। जिला विद्यालय निरीक्षक अमरनाथ सिंह ने बताया कि प्रविष्टि कराई जा रही है। यह वित्तीय मामला है। इसलिए सावधानीपूर्वक कार्य हो रहा है। इसी वजह से हो सकता है कि कुछ विलंब हो रहा हो। सभी शिक्षकों का धन सुरक्षित है। उधर, उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षक संघ शर्मा गुट के जिलाध्यक्ष सत्यभूषण सिंह ने कहा कि इस मामले को कई बार उठाया गया। इस मामले को लेकर शिक्षकों में आक्रोश है। उन्होंने बताया कि संगठन की तरफ से इस संबंध में कई पत्र भी लिखे गए हैं। जो धन है, उसको शिक्षकों के खाते में डाला जाना चाहिए। उसके बाद आगे की प्रक्रिया पूरी की जानी चाहिए।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें