नगर के श्रीमाता प्रसाद माता भीख इंटर कालेज में जनपदीय शिक्षक सम्मान समारोह रविवार को आयोजित किया गया। समारोह में कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए राजकीय इंटर कालेज के प्रधानाचार्य सीपी ओझा ने कहा कि डा. राधाकृष्णन के जीवन पर विस्तार से प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि शिक्षकों को उनके जीवन से प्रेरणा लेनी चाहिए। शिक्षक अपने कार्य से कभी अवकाश प्राप्त नहीं करता है।
मुख्य अतिथि ने कहा कि विद्यालयों से अवकाश ग्रहण करने के बाद संपूर्ण समाज में शिक्षक अपनी भूमिका निर्वहन करता है। इस अवसर पर शिक्षक दीनानाथ दूबे, शिवप्रसाद द्विवेदी, राजनाथ पाल ने अपने संबोधन में वर्तमान शिक्षकों से शैक्षिक वातावरण और शिक्षा की गुणवत्ता बनाए रखने की अपील की। प्रधानाचार्य डा. संजय कुमार मिश्र ने शिक्षक दिवस की उपादेयता पर प्रकाश डाला।
उन्होंने कहा कि शिक्षक को यदि छात्र से सम्मान चाहिए तो उसे अपने आचरण में सुधार लाना होगा। कहा कि समय के पाबंद विद्वान और अनुशासित शिक्षक की अवहेलना समाज कर ही नहीं सकता है। हमें अपने अवकाश प्राप्त शिक्षकों को सम्मानित करने का अवसर मिला है तो विद्यालय में शैक्षिक मूल्यों की स्थापना करने का दायित्व भी प्राप्त हुआ है।
आज के दिन श्रीकृष्ण जन्माष्टमी पर भगवान श्रीकृष्ण के जीवन दर्शन और विराट व्यक्तित्व के धनी पूर्व राष्ट्रपति डा. राधाकृष्णन के जीवन से प्रेरणा लेनी चाहिए। कार्यक्रम के दौरान अवकाश प्राप्त शिक्षक दीनानाथ दूबे, राजनाथ पाल, शिव प्रसाद द्विवेेद, विद्याशंकर तिवारी, रमेेश को सम्मानित किया गया। इस अवसर पर रामेश्वर प्रसाद दूबे, रामदास सेठ, अशोक मिश्र, अवधेश पांडेय, रमेश कुमार द्विवेदी, प्रेमचंद्र, संजय सिंह, विरेंद्र बहादुर सिंह आदि मौजूद रहे।