मिर्जापुर। डीपीआरओ ने व्यक्तिगत शौचालयों के निर्माण में लापरवाही मिलने पर 12 ब्लॉकों के 46 पंचायत सचिवों को कारण बताओ नोटिस जारी कर जवाब मांग लिया है। नोटिस में उन्होंने पंचायत सचिवों से एक सप्ताह के अंदर जवाब देने तथा लक्ष्य के अनुरूप फोटो अपलोड न कराने पर निलंबन की चेतावनी भी दी है।
डीपीआरओ ने जिला कोऑर्डिनेटर विनोद कुमार श्रीवास्तव के निरीक्षण आख्या पर यह कार्रवाई की। उन्होंने बताया कि स्वच्छ भारत मिशन ग्रामीण के तहत ओडीएफ स्थायित्व के लिए ग्राम पंचायतों में पात्र लाभार्थियों को ग्राम प्रधान, सचिव की संस्तुति पर व्यक्तिगत शौचालय के निर्माण के लिए लाभार्थियों के खाते में छह-छह हजार रुपये दो किस्तों में ऑनलाइन जारी किए गए हैं। उन्होंने बताया कि पहली किश्त जारी होने पर शौचालय के निर्माण की फोटो अपलोड किए जाने के बाद दूसरी किश्त दी जाती है। पंचायत सचिवों की लापरवाही व ग्राम प्रधानों की उदासीनता के कारण धनराशि उपलब्ध कराने के बावजूद लक्ष्य के अनुरूप शौचालयों का निर्माण नहीं हो पा रहा है। इसके चलते समीक्षा में मुख्यमंत्री डैश बोर्ड जिले की प्रगति बेहद ही खराब है। इसकी पूरी जिम्मेदारी संबंधित ग्राम प्रधान और पंचायत सचिव की है।
डीपीआरओ ने बताया कि व्यक्तिगत शौचाचयों के निर्माण में लापरवाही पर सिटी ब्लाॅक के राजनाथ मल्ल, सौरभ गोड़ व विनोद कुमार यादव प्रथम, छानबे ब्लॉक के आकांक्षा यादव, अभिषेक परासर, सौम्या सिंह, हलिया के लक्ष्मी शंकर यादव, विजय कुमार गौतम, गौरव कुमार, जमालपुर के आलोक यादव, शंभूनाथ मिश्रा, कोन में उमेश कुमार, कृष्ण लाल, पीयूष कुमार दुबे को नोटिस जारी कर जवाब मांगा है। इसके अलावा लालगंज ब्लॉक के कैलाशनाथ बिंद, विनोद कुमार यादव सेकेंड, भारतेंदु राव, मझवां के शिवम सोनकर, अनिल कुमार, नरायनपुर के सुरेंद्र कुमार, विवेक कुमार सिंह, शहनवाज अहमद, पहाड़ी के सौरभ त्रिपाठी, मनीष कुमार, अक्षैवरनाथ यादव, पटेहरा की सोभारानी, श्रीकांत धर द्विवेदी, विश्वेष प्रताप सिंह, राजगढ़ की निशा यादव, पुष्पराज, रामजी सोनकर तथा सीखड़ के कृष्ण कुमार सिंह, मुकेश मिश्रा व मुकेश पांडेय समेत कुल 46 सचिवों को नोटिस जारी कर जवाब मांगा गया है। डीपीआरओ ने चेतावनी दी कि एक सप्ताह के अंदर लक्ष्य के अनुरूप फोटो अपलोड न कराने वाले पंचायत सचिवों के खिलाफ निलंबन की कार्रवाई की जाएगी।