मिर्जापुर/राजगढ़। गांजा पीने के लिए पैसे नहीं देने पर नाबालिग पौत्र ने शनिवार को शाम को दादा-दादी की फरसे से हमला कर हत्या कर दी। आरोपी ने अपने सिर पर फरसा मारने के बाद ब्लेड से गला काट लिया। गंभीर रूप से घायल आरोपी को इलाज के लिए सीएचसी लाया गया, जहां से उसे रेफर कर दिया गया है। बताते हैं कि दादा-दादी को वृद्धावस्था पेंशन मिलती थी।तालर गांव निवासी एक व्यक्ति के 85 वर्षीय पिता और 80 वर्षीय मां पिछले 10 साल से घर से करीब डेढ़ किमी दूर जंगल की ओर पाही पर मड़हा बनाकर रह रहे थे। दोनों खेत की रखवाली करते थे। 15 वर्षीय सबसे छोटा बेटा शनिवार को शाम को दादा-दादी के पास पहुंचा और गांजा पीने के लिए पैसा मांगने लगा। साथ ही काटने व मारने की बात कहने लगा। यह सुनकर पड़ोस के एक लड़के ने घर पर आरोपी के पिता को इसकी जानकारी दी।
वहीं, आरोपी ने मड़हे के अंदर सरिया से दादा पर हमला कर दिया। इसके बाद फरसे से वार कर दिया। बचाने आईं दादी को भी गंभीर रूप से घायल कर दिया। घर में चावल फैलाने के बाद दरवाजा बंद कर बाहर आ गया और फिर अपने सिर पर फरसे से वार कर ब्लेड से गला काट लिया। जानकारी पर पिता व अन्य परिजन मौके पर पहुंच गए। दरवाजा खोेलकर देखा गया तो दादा-दादी मृत अवस्था में पड़े थे। मड़हे में खून फैला था। आरोपी को इलाज के लिए सीएचसी राजगढ़ पहुंचाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे ट्राॅमा सेंटर मिर्जापुर रेफर कर दिया।पिता ने बताया कि बेटा गांजे का सेवन करता है। माता-पिता को वृद्धावस्था पेंशन मिली थी। कमरे में डिब्बे में रखा चावल बिखरा पड़ा था। इससे लग रहा है कि नशा करने के लिए पैसा नहीं मिलने पर उसने हमला किया।
कोट :
शनिवार को शाम को पौत्र ने अपने दादा-दादी पर फरसे से वार कर दिया। हमले में दोनों की मौत हो गई। सूचना पर फील्ड यूनिट और डाॅग स्क्वॉड के साथ पहुंचकर जांच की। आरोपी मानसिक रूप से अस्वस्थ है। बताया जा रहा कि पहले वह अपने पर वार कर रहा था। दादा-दादी ने रोकने का प्रयास किया। गुस्से में आकर उन्हीं पर हमला कर दिया। इसके बाद उसने अपने को फरसे से मारकर घायल कर लिया। तहरीर लेकर मामले की जांच की जा रही है। - अभिनंदन, पुलिस अधीक्षक।