विंध्याचल। विंध्य विकास परिषद की ओर से पंडा समाज के सदस्यों का कार्ड बनाने और चुनाव कराने के लिए फार्म व शपथ पत्र का वितरण मंगलवार को भी हुआ। सदस्यों को पैन कार्ड और आधार कार्ड की कॉपी जमा करनी होगी। वहीं, शपथ पत्र के प्रारूप पंडा समाज सहमत नहीं है। इसको लेकर पंडा समाज के प्रतिनिधियों ने सिटी मजिस्ट्रेट से मुलाकात की। जल्द ही डीएम से भी मिलकर इस पर चर्चा करने का फैसला लिया।
श्री विंध्य पंडा समाज के चुनाव के लिए जारी शपथ पत्र के प्रारूप को लेकर समाज के लोग अलग-अलग प्रतिक्रिया दे रहे हैं। प्रारूप में जिक्र है कि सदस्य के ऊपर किसी थाने में कोई मुकदमा दर्ज न हो। जैसे ही शपथपत्र समाज के बीच पहुंचा तो लोगों के होश फाख्ता हो गए। इस प्रारूप के तहत बड़ी संख्या में तीर्थ पुरोहित फार्म नहीं भर पाएंगे। इसके अलावा पैन कार्ड और आधार कार्ड की फोटो कॉपी भी मांगी गई है। इस पर तरह-तरह की चर्चाएं हैं। मंदिर से जुड़े कई पारीवाल ऐसे हैं, जिन्हें साल में लाखों रुपये पारी से मिलता है।
पंडा समाज के लोगों ने आपत्ति जताते हुए कहा कि बड़ी संख्या में ऐसे सदस्य हैं, जिनके ऊपर कोई न कोई मुकदमा दर्ज है और न्यायालय में विचाराधीन है। देश का कोई ऐसा चुनाव नहीं है, जिसमे इस तरह की व्यवस्था लागू नहीं है। लोग विधायक और सांसद बनते हैं तो उनके ऊपर भी मुकदमे होते हैं। मंगलवार को पंडा समाज के अध्यक्ष पंकज द्विवेदी के नेतृत्व में शनि दत्त पाठक, संगम त्रिपाठी, गुंजन मिश्रा, गौतम द्विवेदी आदि ने नगर मजिस्ट्रेट से मिलकर इस विषय पर बात की।
नगर मजिस्ट्रेट ने डीएम से विमर्श करने की बात कही। श्री विंध्य पंडा समाज के अध्यक्ष पंकज द्विवेदी ने पंडा समाज की नियमावली का हवाला देते हुए शपथ पत्र देने की बात की। इस पर तय हुआ कि दो दिन के अंदर पंडा समाज के प्रतिनिधि डीएम से मिलकर इस विषय पर विस्तृत चर्चा करेंगे।