मिर्जापुर। कलेक्ट्रेट सभागार में बुधवार को डिस्ट्रिक टास्क फोर्स समिति की बैठक हुई। अभियान चलाकर बाल श्रमिकों को मुक्त कराने, पुनर्वास में लापरवाही मिलने पर जिलाधिकारी ने कड़ी नाराजगी जताई।
उन्होंने चेतावनी सहायक श्रमायुक्त को अगले एक सप्ताह में बाल श्रमिकों के चिह्नित करने के लिए विशेष अभियान चलाने का निर्देश दिया। एक सप्ताह की रिपोर्ट उपलब्ध कराने के लिए कहा।
जिलाधिकारी ने कहा कि ईंट भट्ठों, रेस्टोरेंट, होटलों व ढाबों आदि पर कम उम्र के बच्चों के द्वारा कार्य कराये जाते हैं। ऐसे स्थलों को चिह्नित करते हुए बाल श्रमिकों को मुक्त कराया जाए। जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी से समन्वय स्थापित करते हुए बाल श्रमिकों का प्राथमिक विद्यालयों में नामांकन कराया जाए। बैठक में बाल श्रमिक विद्या योजना, शैक्षिक एवं आर्थिक पुनर्वास तथा श्रम विभाग द्वारा संचालित विभिन्न योजनाओं पर चर्चा की गई। बैठक में अध्यक्ष बाल कल्याण समिति, जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी गौतम प्रसाद, जिला प्रोबेशन अधिकारी शक्ति त्रिपाठी, कोआर्डिनेटर चाइल्ड लाइन के प्रतिनिधि शैलेन्द्र सिंह, प्रबंधक स्वामी विवेकानन्द शिक्षा समिति अनुज श्रीवास्तव, अध्यक्ष भाग्योदय सेवा संस्थान मुन्ना लाल मौर्या सहित अन्य अधिकारी व सदस्य उपस्थित रहे।