जिले में मंगलवार को विंढम फाल में वन महोत्सव शुरू किया गया। जिले के प्रभारी मंत्री राकेश सचान ने हरिशंकरी (पीपल, पाकर और बरगद) के पौधों का रोपण कर वन महोत्सव की शुरुआत की।
प्रभारी मंत्री ने कहा कि यह आयोजन जन, जंगल, जीवन और जानवर के लिए है। जंगल लगातार कटते जा रहे हैं। नतीजे में जानवर आबादी की ओर भाग रहे हैं, उनका शिकार हो रहा है। जंगल से ही जीवन है। पर्यावरण संतुलन के लिए जंगल अति आवश्यक है। उन्होंने आह्वान किया कि प्रत्येक व्यक्ति कम से कम पांच पौधे लगाए। इसके लिए दूसरों को भी प्रेरित करें। विंढम फाल के वट वाटिका में मुख्य अतिथि ने पौधरोपण किया और कहा कि प्रदेश सरकार प्रदेश में हरियाली के लिए संकल्पित हैं। कार्यक्रम स्थल पर मंगलवार को 8052 पौधों का रोपण करना था। जिसे शाम तक पूरा किया गया। इस अवसर पर नगर विधायक रत्नाकर मिश्र, विधायक रमाशंकर सिंह पटेल, विधायक विनोद बिंद, नपाध्यक्ष मोज जायसवाल आदि ने भी पौधरोपण किया।
नोडल अधिकारी ने किया पौधरोपण
पौधरोपण कार्यक्रम की नोडल अधिकारी कल्पना अवस्थी ने भी पौधरोपण किया। साथ ही जिलाधिकारी प्रवीण कुमार लक्षकार, पुलिस अधीक्षक संतोष कुमार मिश्र, सीडीओ श्रीलक्ष्मी वीएस, डीएफओ पीएस त्रिपाठी, परियोजना निदेशक अनय मिश्रा सहित सब लोगों ने पौधरोपण में हिस्सा लिया। कार्यक्रम में विभागीय नोडल अधिकारी एपी सिन्हा एवं आर सी झा मुख्य वन संरक्षक उपस्थित रहे।
नगर में भी हुआ पौधरोपण
नगर पालिका मिर्जापुर को भी 20135 पौधरोपण करने का लक्ष्य दिया गया है। नपाध्यक्ष मनोज जायसवाल ने भी पालिका के अधिशासी अधिकारी एवं अन्य विभागाध्यक्षों के साथ रामपुर मड़वा में पौधरोपण कर इस महा अभियान की शुरुआत की। पालिका की ओर से लंका की पहाड़ी, टांड गांव और टांडा फाल सहित अन्य जगहों पर 20135 पौधारोपण किए जाएंगे। जिसमें मंगलवार शाम तक 11000 पौधों का रोपण किया गया। अधिशासी अधिकारी अंगद गुप्ता, नगर अभियंता विपीन मिश्रा, जलकल अभियंता सुधीर वर्मा, कर निर्धारण अधिकारी अरविन्द यादव, जिला स्वच्छता प्रभारी संजय सिंह, मनोज सेठ आदि लोग मौजूद रहे।
राजकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान मिर्जापुर के प्रांगण में प्रधानाचार्य पीके शाक्यवार के मार्गदर्शन में 150 पौधों का रोपण किया गया। इस कार्यक्रम में मंडल के संयुक्त निदेशक एम एल गुप्ता भी शामिल हुए।
पौधों को लगाने के बाद उन्हें बचाएं भी
जिले के प्रभारी मंत्री राकेश सचान ने मंगलवार को अष्ठभुजा निरीक्षण गृह में पत्रकारों से कहा कि वन महोत्सव में पौधरोपण किया गया है। सबसे बड़ी जिम्मेदारी यह है कि पौधरोपण के बाद उनकी देखभाल कर उनको बचाएं।
कहा कि प्रदेश सरकार के सौ दिन पूरे होने पर वन महोत्सव जन आंदोलन के रूप में मनाया गया है। मंत्री ने कहा कि मंत्रिमंडल के सभी सदस्यों को एक-एक जिले की जिम्मेदारी दी गई है। उनको मिर्जापुर जिले की जिम्मेदारी मिली है। इस बार सरकार ने सभी जनप्रतिनिधियों सहित बूथ स्तर तक के लोगों को जोड़ा है । मिर्जापुर में 79 लाख 51 हजार पौधे लगाने का लक्ष्य रखा गया है। ग्राम प्रधान ,पंचायत सचिव , ग्राम सदस्य, बीडीसी सहित सभी लोगो को इस मुहिम में जोड़ा गया है ताकि पौधों को लगाने के बाद उन्हें बचाने का काम भी किया जा सके। एक प्रश्न का जवाब देते हुए उन्होंने कहा कि अगर किसी की लापरवाही से पेड़ो का बंडल फेका देखा गया तो कार्रवाई किया जाएगा । इस दौरान नगर विधायक रत्नाकर मिश्रा, मझवां विधायक विनोद बिंद ,जिलाधिकारी प्रवीण कुमार लक्षकार पुलिस अधीक्षक संतोष कुमार मिश्रा, एसडीएम सदर चंद्रभान सहित अन्य लोग मौजूद रहे।