सांसद अनुप्रिया पटेल संसद में दुष्यंत कुमार के बगल में बैठी थीं। साथ ही राष्ट्रपति भवन में भी उनकी सांसद दुष्यंत कुमार से मुलाकात हुई थी। सांसद अनुप्रिया पटेल ने ट्वीट कर जानकारी दी कि वह गुरुवार को एक कार्यक्रम में मौजूद थीं। उस कार्यक्रम में सहयोगी सांसद दुष्यंत सिंह भी मौजूद थे। सावधानी के तौर पर वह सेल्फ आइसोलेशन में जा रही हैं और सरकार के निर्देशों का पालन करेंगी।
क्या होता है आइसोलेशन और क्वोरंटाइन
एसीएमओ डा. अजय कुमार ने बताया कि जो व्यक्ति कोरोना संदिग्ध के संपर्क में आया है, पर उसमें कोई लक्षण नहीं है तो उसे क्वोरंटाइन में रखना होता है। इसमें वह 14 दिनों तक एकांतवास में रहता है। क्वोरंटाइन भी दो तरह से होता है। एक होम क्वोरंटाइन और दूसरा संस्थागत क्वारंटाइन। होम क्वोरंटाइन में वह 14 दिनों तक घर में एक कमरे में रहता है। संस्थागत में वह अस्पताल में रहता है।
कोरोना संदिग्ध से मिलने पर अगर कोरोना के लक्षण सर्दी-जुकाम आदि होता है तो उसे आइसोलेट किया जाता है। आइसोलेशन में संदिग्ध को अस्पताल के आइसोलेशन वार्ड में भर्ती किया जाता है। वहां पर संदिग्ध की जांच करने वाले डाक्टर पीपी कीट और एन-95 मास्क के साथ ही कमरे में जांच करने जाते है। अनुप्रिया पटेल में सर्दी-खांसी या जुकाम की कोई शिकायत नहीं है तो वह होम क्वारंटाइन में होंगी। जिसमें वह 14 दिनों तक घर के एक कमरे में रहेंगी। इस बीच कोई लक्षण मिलता है तो उन्हें आइसोलेशन वार्ड में भर्ती किया जा सकता है।