संदिग्ध मरीज से जांच के लिए सेंपल लेने के बाद उसे भर्ती कर लिया गया। रात आठ बजे संदिग्ध मरीज आइसोलेशन वार्ड के रोशनदान के रास्ते से भाग गया। इस बात की जानकारी होने पर स्वास्थ्य महकमें में हड़कंप मच गया। सूचना मिलने पर एसआईसी व अन्य डॉक्टर आइसोलेशन वार्ड में पहुंचे।
भागे हुए संदिग्ध मरीज के सैंपल की जांच में अगर कोरोना वायरस की पुष्टि होती है तो यह घातक हो सकता है। संदिग्ध मरीज अन्य लोगों को भी संक्रमित कर सकता है। एसआईसी डॉ. आलोक ने बताया कि नेपाल से लौटा युवक अस्पताल में सर्दी जुकाम की शिकायत लेकर आया था। उसे आइसोलेशन वार्ड में भर्ती किया गया। रात में वह रोशनदान के रास्ते भाग गया।