वाराणसी। बीएचयू में विभागाध्यक्ष और डीन पद को लेकर चल रहे विवादों के बीच एक बार फिर विश्वविद्यालय प्रशासन को अपना आदेश बदलना पड़ा। मनोचिकित्सा विभाग के प्रो. संजय गुप्ता मेडिसिन फेकेल्टी के डीन बनाए गए हैं। आदेश जारी होने के तुरंत बाद उन्होंने अपना पदभार ग्रहण कर लिया। वे 25 दिन से कुलसचिव कार्यालय के बाहर आंदोलन कर रहे थे।
मेडिसिन फेकेल्टी में अब तक प्रो. शंपा अनुपूर्वा को डीन बनाया गया था। इसके बाद से ही आईएमएस में वरिष्ठ प्रोफेसर संजय गुप्ता ने विश्वविद्यालय प्रशासन के इस फैसले पर सवाल उठाते हुए यूजीसी को पत्र लिखकर नियमों का पालन करवाने की मांग की थी। उनका कहना था कि यूजीसी के जिस आदेश से प्राचीन इतिहास विभाग के प्रो. एमपी अहिरवार और सर्जरी विभाग में प्रो. एसके भारतीय को विभागाध्यक्ष बनाने का आदेश जारी किया गया, उसी आधार पर डीन पद पर फैसला करना चाहिए। अपनी इस मांग को लेकर वह 3 जून से आईएमएस निदेशक कार्यालय पर शांति आंदोलन कर रहे थे। यहां उन्होंने यूजीसी के नियम के अनुसार को खुद को मेडिसिन फेकेल्टी का डीन बताते हुए इसका बोर्ड भी लगाया था।