मिर्ज़ापुर। काशी हिंदू विश्वविद्यालय के प्रो. डॉ. गुरुप्रसाद सिंह ने कहा भामाशाह हमारी राष्ट्रीय पहचान हैं। अपनी दानवीर परंपरा के लिए उन्हें वैश्य समाज में जाना जाता है। उन्होंने कहा कि महाराणा प्रताप के लिए दिए दान ने देश प्रेम की असीम भावना को दर्शाया है। कहा भारत के किसी भी कोने में जाएं वैश्य समाज की धर्मशालाएं, स्कूल और मंदिर जरूर नजर आएंगे। वह अखिल भारतीय वैश्य महासम्मेलन की तरफ से रविवार को कृष्णा पैलेस में आयोजित व्यापारी कल्याण दिवस व दानवीर भामाशाह जयंती में बतौर मुख्य अतिथि बोल रहे थे।
पूर्व विधायक भगवती प्रसाद चौधरी ने कहा कि भामाशाह के योगदान को कभी भुलाया नहीं जा सकता है। कहा महापुरुषों को किसी जाति में नहीं बांधा जा सकता। जिला पंचायत अध्यक्ष राजू कन्नौजिया ने भामाशाह के योगदान और देशप्रेम को अविस्मरणीय बताया। संचालन मुकेश साहू ने तथा कार्यक्रम संयोजक शैलेंद्र अग्रहरि ने अतिथियों का आभार व्यक्त किया। इस अवसर पर शत्रुघ्न केसरी, अजय मिश्रा, डॉ. धर्मजीत सिंह, संतोष गोयल, अशोक सिंह, संजय सिंह गहरवार सहित अन्य मौजूद रहे।