अहरौरा। महानिशा की पूजा का प्रसाद पाने के लिए शनिवार की भोर में बेचूबीर धाम में श्रद्धालुओं की भीड़ अनियंत्रित हो उठी। अक्षत का प्रसाद पाने के लिए भीड़ एक दूसरे पर चढ़ जाने को आतुर हो उठी। हालात बिगड़ते देख आयोजकों में घबराहट फैल गई किंतु प्रशासन ने तत्परता दिखाते हुए स्थिति पर नियंत्रण किया।
महानिशा की पूजा के पूर्व हजारों लोगों की मौजूदगी के बाद भी मेला क्षेत्र में चारों तरफ शांति थी। सुरक्षा के लिहाज से लगी पैरा मिलिट्री फोर्स और पुलिस के जवान भी थोड़े सुस्त थे। भोर में पटपड़ नदी में स्नान करने के बाद नदी के किनारे स्थित डीह की पूजा कर पुजारी बृजभूषण यादव बाबा बेचूबीर की चौरी पर दौड़ते हुए आए और चिंघाड़ के साथ इस अद्भुत पूजा की शुरुआत की तो पूरा इलाका बेचूबीर के जयकारे से गूंजने लगा। पूजा संपन्न होते ही पुजारी ने अक्षत बांटना शुरू किया तो वहां भगदड़ की स्थिति हो गई। लोग एक दूसरे पर चढ़कर प्रसाद पाने को लोग आतुर हो उठे। पुलिस और पैरामिलिट्री फोर्स के जवान भीड़ को नियंत्रित करने के लिए जूझने लगे थे, किंतु हालात बेकाबू होते जा रहे थे। यह देख एसडीएम चुनार डा. विश्राम ने मेले की व्यवस्था प्रशासन के हाथ में ले ली और अधिकारी भीड़ को नियंत्रित करने को कूद पड़े। नायब तहसीलदार एके पांडेय, थानाध्यक्ष अहरौरा रामनरेश यादव, थानाध्यक्ष अदलहाट विनोद यादव, रजिस्ट्रार कानूनगो, मेला प्रभारी जवाहर सिंह, उपनिरीक्षक कल्पनाथ यादव, महिला आरक्षी, पुलिस एवं पीएसी के जवान चौरी के आसपास बिखर गए तथा चबूतरे पर चढ़कर प्रसाद वितरण की कमान स्वयं संभाल ली और व्यवस्थित तरीके से प्रसाद का वितरण कराया।