मिर्जापुर। भीषण गर्मी में जिले के रेलवे स्टेशन पर पेयजल संकट को लेकर यात्रियों को परेशान होना पड़ रहा है। पानी नहीं मिलने से नाराज यात्री आए दिन हंगामा करते हैं। विंध्य धाम में दर्शन पूजन के लिए हजारों की तादात में श्रद्धालु प्रतिदिन मिर्जापुर और विंध्याचल आते हैं लेकिन इन स्टेशनों पर भी पेयजल की अपेक्षित व्यवस्था नहीं है। मजबूरी में यात्री बोतलबंद पानी खरीद कर प्यास बुझाते हैं।
पेयजल के लिए रेल प्रशासन ने मिर्जापुर और विंध्याचल रेलवे स्टेशन परिसर में टैंकर की व्यवस्था कराई है जो नाकाफी है। मिर्जापुर रेलवे स्टेशन पर प्रतिदिन दस लाख लीटर पानी की खपत है। इसके लिए छोटे-बड़े सात ट्यूूबवेल लगाए गए हैं। जलस्तर खिसकने के कारण इनमें से पांच ट्ययूबेलों से पानी नहीं आ रहा है। इसके चलते दस लाख की जगह वर्तमान में पांच लाख लीटर ही पानी मिल पा रहा है जिससे यात्रियों को पेयजल संकट का सामना करना पड़ रहा है। विंध्याचल रेलवे स्टेशन पर भी पेयजल की अपेक्षित व्यवस्था नहीं है। रेलवे कालोनी के लोगों को भी पेयजल के लिए जूझना पड़ रहा है। प्लेटफार्म पर लगे हैंडपंपों से पानी आने से परेशानी बढ़ गई हैै। यहां अक्सर यात्री पानी के लिए हंगामा करते हैं।
मिर्जापुर रेलवे स्टेशन पर प्रतिदिन 36 जोड़ी ट्रेनें, विंध्याचल स्टेशन पर 24 जोड़ी ट्रेनें रुकती हैं। मिर्जापुर स्टेशन पर एक हजार यात्री उतरते हैं। इन दिनों नलों में पानी नहीं होने से यात्रियों को नाश्ता के बाद पानी नहीं मिलता है। पेयजल संकट को देखते हुए मिर्जापुर रेलवे स्टेशन पर दो, रेलवे कालोनी में एक, आरपीएफ एवं एक जीआरपी को एक-एक टैंकर पानी दिया जा रहा है जो नाकाफी है।
जिले के रेलवे स्टेशनों पर लगी अधिकांश टोटियां ढीली या खराब हो चुकी हैं जिसे बदला नहीं जा रहा है। इसकी वजह से पानी रहने के बाद भी यात्रियों को नहीं मिलता है। चुनार, जिगना, अहरौरा रोड व पहाड़ तथा जिवनाथपुर स्टेशनों पर पेयजल संकट है। छोटे-छोटे स्टेशनों पर शौचालय नहीं है।
नरायनपुर के आशीष ने कहा कि मिर्जापुर रेलवे स्टेशन पर पानी की काफी किल्लत है। ठंठा पानी नहीं आता है। मजबूरन बोतलबंद पानी खरीदना पड़ता है। तरकापुर के महेश ने कहा कि प्रतिदिन इलाहाबाद आते जाते हैं। स्टेशनों पर पेयजल संकट है। रेलवे प्रशासन इस समस्या को लेकर गंभीर नहीं है।
अहरौरा के राकेश ने कहा कि पिछले दिनों मुंबई जाने के लिए मिर्जापुर से ट्रेन पर सवार हुए थे। चार घंटे स्टेशन रहे लेकिन पानी नहीं मिल पाया। बोतलबंद पानी लेकर प्यास बुझानी पड़ी।
कुशल पाठक ने कहा कि मिर्जापुर रेलवे स्टेशन पर हमेशा पेयजल संकट बना रहता है। शौचालय और भोजनालय नहीं है। प्रतीक्षालय बेहद खराब है।
एसएससी बीआर रजत ने बताया कि पेयजल के लिए मिर्जापुर में सात, विंध्याचल में पांच ट्यूबवेल लगे हैं। अन्य स्टेशनों पर ट्यूबवेल व हैंडपंप लगे है। जलस्तर खिसकने के कारण अधिकांश ट़्यूबवेल नहीं चल रहे हैं जिसके चलते पानी की समस्या पैदा हुई है। स्टेशनों पर टैंकर से पानी की सप्लाई की जा रही है। मिर्जापुर में दो नए ट्यूबवेल लगाए जा रहे हैं।