मिर्जापुर। सुप्रीम कोर्ट द्वारा समायोजन रद्द किये जाने और सरकार से सहयोग न मिलने से क्षुब्ध शिक्षामित्रों ने शनिवार को लगातार तीसरे दिन कलेक्ट्रेट पर सत्याग्रह आंदोलन चलाते हुए धरना प्रदर्शन किया। इस दौरान शिक्षामित्र जय श्री राम के नारे लगाते रहे। सरकार की वादा खिलाफी पर शिक्षामित्र धरना सभा में जम कर बरसे और सरकार विरोधी नारेबाजी की।
वक्ताओं ने बताया कि 21 अगस्त को लखनऊ के लक्ष्मण मेला मैदान में शिक्षामित्रों का विशाल आंदोलन प्रांतीय नेतृत्व के आहवान पर किया जाएगा। कहा कि सर्वोच्च न्यायालय द्वारा 72 हजार शिक्षामित्रों का सहायक अध्यापक पद का समायोजन निरस्त कर दिया गया है, परंतु प्रदेश की योगी सरकार ने चुनावी संकल्प पत्र के आधार पर 15 दिनों भीतर शिक्षामित्रों की समस्याओं का कोई न कोई विधिक हल निकालने का प्रांतीय प्रतिनिधि मंडल से आश्वासन दिया था, लेकिन 19 दिन बीत जाने के बाद भी प्रदेश सरकार ने शिक्षामित्रों के भविष्य को सुरक्षित रखने के लिए कोई उपाय न कर हमें छलने का काम किया है। सरकार के इसी वादाखिलाफी के विरोध में शिक्षामित्रों के प्रांतीय संयुक्त संघर्ष मोर्चा के नेतृत्व में धरना प्रदर्शन किया जाएगा। कहा कि शिक्षामित्रों के सत्याग्रह आंदोलन में जिले में जिला किसान यूनियन, आंगनबाड़ी संघ, मानवाधिकार एसोसिएशन, संयुक्त कर्मचारी परिषद ने अपना समर्थन दिया है। कर्मचारी परिषद के अध्यक्ष राजेन्द्र प्रसाद तिवारी ने कहा कि हम शिक्षामित्रों के इस आंदोलन में पूरा सहयोग करेंगे। अध्यक्षता कर रहे जिलाध्यक्ष अजयधर दुबे ने बताया कि जिले से दो हजार की संख्या में शिक्षमित्रा अपनी सुविधा से विभिन्न साधनों के माध्यम से लखनऊ के लक्ष्मण झूला मैदान में आयोजित धरना प्रदर्शन में भाग लेंगे। आंदोलन में विनय सिंह, सुनील सिंह, ब्रम्हदेव त्रिपाठी, रामदेव यादव, विनोद सरोज, मयंक प्रभा, रजनी, माला, संजीता, दीपेन्द्र सिंह, राजेश दुबे, अकरम,राजकुमार, राजेश मिश्र आदि उपस्थित रहे। संचालन आदिशंकर दुबे ने किया।