महिला थाना पुलिस के कारनामे उजागर होने पर महिला दरोगा और कांस्टेबलों में दहशत फैली हुई है। ‘तारीख’ पर आने वाले लोगों को महिला दरोगा और कांस्टेबलों ने फोन करके कहा कि थाने में माहौल ठीक नहीं है, अभी मत आना। इसके चलते मंगलवार दिन भर महिला थाने में सन्नाटा पसरा रहा।
महिला थाने में ‘तारीख’ लगाने के पैसे, समझौते में रिश्वत लेना और मुकदमों की विवेचना में पैसा लेकर खेल करने के नए-नए कारनामे सामने आए हैं। महिला दरोगा महेंद्र कौर को एसएसपी ने सस्पेंड किया, जबकि महिला इंस्पेक्टर नरगिस खान और महिला दरोगा मनु सक्सेना पर जांच बैठा दी।
इतना हीं नहीं महिला थाने के समूचे स्टाफ की भी जांच करने की बात कही। महिला थाने की शिकायतों के चलते पुलिस महकमे की किरकिरी हो रही है। जिस पर आईजी आलोक शर्मा और डीआईजी आशुतोष कुमार ने मंगलवार को भी नाराजगी जताई। जांच का साया थाने पर आया तो महिला दरोगा और महिला कांस्टेबलों में भी खलबली मच गई। मंगलवार को दिन भर थाने में एक भी फरियादी नहीं आया।
रोजाना भीड़, आज सन्नाटा क्यों?
महिला थाने में रोजाना फरियादियों की भीड़ देखी जाती थी। मंगलवार को थाने में दिन भर सन्नाटा देखकर सब हैरान थे। एक महिला कांस्टेबल ने बताया कि आज सभी फरियादियों को फोन करके रोका गया है। दो तीन बाद की ‘तारीख’ महिला दरोगाओं ने फोन पर दी है।