रविवार को सुबह से ही मेरठ, मुजफ्फरनगर, बागपत, बिजनौर में बारिश होने से लोगों को गर्मी से राहत मिली। वहीं शहर में जलभराव के हालात हो गए। गर्मी में सूख रहे खेतों के लिए यह बारिश लाभकारी मानी जा रही है।
मुज़फ्फरनगर के भोपा में बारिश के चलते अनुसूचित जाति की विधवा महिला जसविंदर के मकान की छत गिर गई। सभी सामान मलबे के नीचे दब गया। मलबे की चपेट में आकर उसकी पुत्रवधू घायल हो गई। छोटा बच्चा बाल-बाल बचा। ग्रामीणों ने मुआवजा दिलाने की मांग प्रशासन से की है। राजस्व विभाग की टीम ने मौके पर पहुंचकर हादसे की जानकारी ली और अपनी रिपोर्ट तैयार की। टीम का कहना है कि मुआवजा दिलाने के मद्देनजर अधिकारियों को रिपोर्ट भेजी जाएगी।
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इसके अलावा सुबह से हो रही बारिश के कारण शहर में जलभराव हो गया। मोरना के खादर के इलाकों में सोलानी नदी का जलस्तर बढ़ने से गांवों और खेतों में पानी भर गया है।
सोलानी नदी भी उफान पर है। खादर में मानसून शुरू होने के बाद पहली बार खादर में बरसात का पानी आया है। इससे लोगों का जनजीवन प्रभावित हो गया है। अचानक आए पानी से किसानों को पशुओं के लिए हरे चारे की समस्या बन गई है। रजकल्लापुर के प्राथमिक विद्यालय में पानी भरने से ग्रामीणों को परेशानी हो रही है।
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बिजनौर में रविवार सुबह से ही झमाझम बारिश हो रही है। तापमान में 8.6 डिग्री सेल्सियस की गिरावट हुई, जिससे लोगों को उमस भरी गर्मी से राहत मिली। बारिश होने से फलों के राजा आम का स्वाद बढ़ेगा। लगातार पांच घंटे बारिश होने से खेतों में पानी भर गया। भीषण गर्मी में सिंचाई के अभाव में सूख रही फसलों की प्यास बुझने से किसानों के चेहरे खिल उठे।
बारिश होने से शहर की सड़कें जलमग्न हो गई। धामपुर, चांदपुर, नजीबाबाद, नगीना, नूरपुर आदि क्षेत्रों में बरसात हुई। दोपहर तक जिले का अधिकतम तापमान 26.0 डिग्री सेल्सियस रहा। जबकि शनिवार को जनपद का अधिकतम तापमान 34.6 डिग्री सेल्सियस था।
बागपत में झामझम बारिश से लोगों क़ो गर्मी से राहत मिली। किसानों को भी बारिश से फायदा हुआ है। इसके अलावा शहर में जगह-जगह पानी भर गया। दिल्ली सहारनपुर नेशनल हाईवे के निकट स्थित गांवों में भी पानी भरा रहा।
मेरठ में रविवार सुबह से ही मौसम बदल गया। आसमान पर काले बादल छाए और हल्की बूंदाबांदी शुरू हो गई, जिससे मौसम खुशनुमा हो गया। भारतीय कृषि प्रणाली अनुसंधान संस्थान मोदीपुरम के मौसम वैज्ञानिक डॉक्टर एम शमीम का कहना है कि आगामी दो दिन तक मानसून की अच्छी बारिश होने के आसार हैं। मानसून पूरे देश में दस्तक दे चुका है। फिलहाल मेरठ में अभी अच्छी बारिश का इंतजार है।
सहारनपुर में सुबह चार बजे तेज हवा के साथ शुरू हुई बारिश से कई क्षेत्रों की बिजली आपूर्ति बाधित रही। दस घंटे से अघिक बिजली नहीं मिलने की वजह से लोग गर्मी से परेशान रहे। उधर, महानगर में जगह-जगह जलभराव भी समस्या का कारण बना। स्टेडियम के बाहर, कलक्ट्रेट की पार्किंग, नेहरू मार्केट, कोर्ट रोड, मानकमऊ, प्रकाशलोक कॉलोनी, नंदपुरी कॉलोनी, चकदेवली आदि में जलभराव हुआ। बारिश के कारण तापमान में भी थोड़ी गिरावट रही। न्यूनतम तापमान में एक और अधिकतम तापमान में 2.2 डिग्री की गिरावट दर्ज की गई। न्यूनतम तापमान 25 और अधिकतम तापमान 33 डिग्री सेल्सियस रहा। बारिश 97 एमएम दर्ज की गई। मौसम विभाग ने सोमवार और मंगलवार को भी बारिश होने का अनुमान जताया है।
शामली में रविवार सुबह झमाझम बारिश होने से लोगों को गर्मी से राहत मिली, वहीं शहर में कई स्थानों पर जलभराव होने से परेशानी का सामना करना पड़ा। 11 बजे बारिश थमने के बाद पानी उतरा। दोपहर में हल्की धूप निकली और बादल छाये रहे। अधिकतम तापमान छह डिग्री सेल्सियस कम होकर 28 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान दो डिग्री सेल्सियस कम होकर 27 डिग्री रहा। गढ़ीपुख्ता क्षेत्र के गांव बुंटा में घर में बारिश का पानी घुसने से कच्ची छत गिर गई। कंडेला बिजलीघर के केबल में फाल्ट आने से ढाई घंटे बिजली आपूर्ति बाधित हुई।