सर्दी बढ़ने से पहले ही एनसीआर में हवा की सेहत बिगड़ने लगी है। सबसे प्रदूषित देश के 229 शहरों की सूची में मेरठ का एयर क्वालिटी इंडेक्स (एक्यूआई) सबसे अधिक 316 पहुंच गया। इसके चलते आने वाले समय में लोगों के लिए सांसों का संकट खड़ा हो सकता है।
केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड द्वारा जारी आंकड़ों में देश के 229 शहरों में सबसे ज्यादा मेरठ प्रदूषित रहा है। सोमवार को मेरठ का एक्यूआई बढ़ते हुए 253 से 316 पर पहुंच गया है। दूसरे नंबर पर ग्रेटर नोएडा 285 और तीसरे नंबर पर 253 दिल्ली रहा है। आने वाले दिनों कोहरा और धुंध बढ़ने के साथ ही स्थिति और खराब होगी।
अक्तूबर के आखिरी सप्ताह से बढ़ने लगता है पीएम 10 और पीएम 2.5 का स्तर
सरदार वल्लभ भाई पटेल कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय के वैज्ञानिक डॉ. आरएस सेंगर का कहना है कि पीएम (पार्टिकुलेट मैटर) 10 और 2.5 का स्तर अमूमन अक्तूबर के आखिरी सप्ताह में बढ़ना शुरू हो जाता है। नवंबर में वह चरम पर पहुंच जाता है। जब तापमान में गिरावट आती है तब हवा की खराब गुणवत्ता को नियंत्रित करने की आवश्यकता होती है। पीएम 2.5 और पीएम 10 का बढ़ना स्वास्स्थ्य के लिए भी सही नहीं माना जाता है। इसके छोटे-छोटे कण हवा के माध्यम से मानव शरीर में पहुंचते हैं, जिससे शरीर को नुकसान पहुंचता है।
शहर में प्रदूषण का हाल
गंगागनगर 352
पल्लवपुरम 273
जयभीमनगर 310
बेगमपुल 312
दिल्ली रोड 325
शॉपरिक्स मॉल 301
घंटाघर चौराहा 299
ईव्ज चौराहा 315
मेडिकल 330
तेजगढ़ी चौराहा 334