फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

यूपी-हरियाणा सीमा विवाद: किसानों में तनाव के बीच सर्वे जारी, आज नंगला बहलोलपुर में डटे अधिकारी

Mon, 25 Nov 2019 12:12 PM IST
Dimple Sirohi न्यूज डेस्क, अमर उजाला, बागपत
विज्ञापन
UP-Haryana border dispute - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन
यूपी और हरियाणा के किसानों के बीच सीमा विवाद के निपटारे के लिए पिलर सर्वे का कार्य जारी है। सोमवार को यूपी हरियाणा की संयुक्त सर्वे टीम बागपत के सांकरौद, मवीकलां व हरियाणा के सोनीपत के  भेरा बाकीपुर, दहिशरा और बसंतपुर गांव के खादर में डटी रहीं। वहीं मंगलवार को सुबह से ही नंगला बहलोलपुर गांव में संयुक्त सर्वे शुरू किया गया। दोनों राज्यों के प्रशासन के साथ सर्वे ऑफ इंडिया की टीम भी जांच करेगी। सुरक्षा के लिए सर्वे के दौरान पुलिस तैनात रहेगी।
विज्ञापन


डीएम शकुंतला गौतम ने बताया कि सर्वे के बाद दोबारा पिलर की स्थापना की जानी है। वहीं, हरियाणा के खुर्रमपुर और नंगला बहलोलपुर गांव के किसानों के बीच जमीन को लेकर तनाव बना हुआ है। इसके चलते पुलिस प्रशासन के अफसर अधिक सतर्कता के साथ यह सर्वे करा रहे हैं। 

सोमवार को नंगला बहलोलपुर के ग्रामीण डीएम शकुंतला गौतम से मिलने पहुंचे। यहां उन्होंने सोनीपत के किसानों पर जमीन कब्जाने का आरोप लगाते हुए डीएम से शिकायत की। बता दें कि पश्चिम यूपी के कई जिलों का हरियाणा के किसानों के साथ भूमि को लेकर विवाद चल रहा है। दीक्षित अवार्ड के बाद सीमांकन के पिलर लगाए गए थे। लेकिन इनमें अधिकतर पिलर गायब हो चुके हैं।

प्रशासन ने सर्वे ऑफ इंडिया के साथ मिलकर दोबारा पिलर की जांच और दोबारा स्थापना के लिए पहल की है। डीएम शकुंतला गौतम ने बताया कि सोमवार से संयुक्त सर्वे का कार्य आरंभ होगा। बागपत के अलावा हरियाणा के सोनीपत जिले की प्रशासन और पुलिस की टीम व सर्वे ऑफ इंडिया चंडीगढ़ के अधिकारी मौजूद रहेंगे। पिलर की खोज कर इन्हें दोबारा स्थापित कराया जाएगा। जिला प्रशासन ने इसके लिए टीम गठित कर दी है। 

पहले दिन सात गांवों का सर्वे
पहले दिन सांकरौद खादर, मवी कलां खादर, मवी कलां बांगर क्षेत्र, सोनीपत के दहिसरा, भैरा, बाकीपुर और बसंतपुर गांव के बीच सर्वे होगा। 
विज्ञापन

विलुप्त हो गए 236 स्तंभ
1979 में बागपत के हिस्से में 236 पिलर लगाए गए थे। वर्तमान में एक भी सीमा स्तंभ मौजूद नहीं है। सोनीपत और पानीपत के हिस्से में करीब 472 पिलर्स थे, इनमें भी अधिकतर लुप्त हो गए हैं। संयुक्त सर्वे के बाद दोबारा से पिलर लगाने का कार्य सर्वे ऑफ इंडिया करेगा।

सात दिसंबर तक चलेगा सर्वे
दोनों राज्यों के बीच संयुक्त सर्वे का कार्य 25 नवंबर से सात दिसंबर तक चलेगा। सर्वे ऑफ इंडिया के अधिकारी मौजूद रहेंगे। संयुक्त सर्वेक्षण में दीक्षित अवार्ड के तहत लगाए गए पिलर की खोज और जांच होगी। 

हरियाणा की सीमा से इन गांवाें का है विवाद
सांकरौद, मवी कलां, मवी कलां बांगर, नंगला बहलोलपुर, काठा, पाली, बागपत खादर, खंडवारी खादर, सिसाना खादर, निवाड़ा खादर, गौरीपुर खादर, नैथला, फैजल्लापुर, फैजपुर निनाना, सुल्तानपुर हटाना, खेड़ा इस्लामपुर, खेड़ी प्रधान, अकबरपुर ठसका खादर, कोताना, जागोस, शबगा, ककौर, बदरखा, छपरौली, कुर्डी, नांगल, टांडा गांव के खादर क्षेत्र में जमीन से जुड़ा विवाद है।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें