सीमांकन के पिलर के सर्वे में अब तक छह पिलर मिल चुके हैं। पहले दिन एक पिलर पर काला पेंट मिला था, जिसकी पहचान कराए जाने का कार्य चल रहा है। एक पिलर की पहचान हो गई थी।
जहां नहीं हैं, वहां खड़े होंगे पिलर
यमुना खादर के जिस एरिया में पिलर नहीं है, वहां दोबारा से पिलर बनवाने का कार्य किया जाएगा। सर्वे ऑफ इंडिया की टीम पिलर लगवाएगी और इसका खर्च दोनों राज्य वहन करेंगे।
सर्वे का तैयार किया जा रहा रिकॉर्ड
संयुक्त सर्वे का रिकॉर्ड तैयार किया जा रहा है। सर्वे के बाद दोनों राज्यों के कर्मचारी अपनी- अपनी रिपोर्ट तैयार करेंगे और नोडल अधिकारी डीएम बागपत शकुंतला गौतम को रिपोर्ट देंगे।
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