डीएम ने वहां मौजूद कर्मचारियों से तीनों बालकों के फरार होने पर जानकारी ली। इंस्पेक्टर नौचंदी से भी पूछा कि किस समय पुलिस को सूचना दी गई। इस पर कड़ी फटकार लगाई कि बालकों के फरार होने के बाद तुरंत सूचना पुलिस को क्यों नहीं दी गई।
डीएम का कहना है कि इस मामले में लापरवाही सामने आने पर होमगार्ड जल सिंह और मोहित की बर्खास्तगी की रिपोर्ट भेजी गई है। केयरटेकर प्रकाश चंद और चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी को निलंबित कर दिया गया है।
आखिर कैसे उखाड़ा रोशनदान
रविवार दोपहर डीएम अचानक से राजकीय बाल गृह पहुंचे तो हड़कंप मच गया। डीएम ने मौजूद कर्मचारियों से पूछा कि आखिर बालकों ने रोशनदान को कैसे उखाड़ दिया। इस पर अधिकारी और कर्मचारी चुप्पी साध गए। डीएम ने कर्मचारियों और जिला प्रोबेशन अधिकारी को निर्देश दिए कि यदि कोई लापरवाही मिली तो सीधे कार्रवाई होगी।