- कंकरखेड़ा मंदिर महादेव में हुआ श्रीमद्भागवत कथा का आयोजन
माई सिटी रिपोर्टर
मेरठ। कंकरखेड़ा स्थित महादेव मंदिर में चल रही श्रीमद्भागवत कथा के पांचवें दिन बृहस्पतिवार को भगवान श्रीकृष्ण की बाल लीलाओं, माखन चोरी लीला एवं गोवर्धन पूजा का वर्णन किया गया। कथा व्यास रविशंकर महाराज ने श्रीकृष्ण के दिव्य अवतरण, नंद जन्मोत्सव के प्रसंग सुनाते हुए श्रद्धालुओं को धर्म और भक्ति का संदेश दिया।
कथा व्यास ने कहा कि भगवान श्रीकृष्ण की बाल लीला केवल बाल चंचलता नहीं बल्कि भक्तों के निर्मल हृदय को जीतने का दिव्य संदेश है। उन्होंने बताया कि माखन शुद्धता, प्रेम और श्रद्धा का प्रतीक है। भगवान अपने भक्तों के प्रेम रूपी माखन को ही स्वीकार करते हैं। गोपियों द्वारा श्रीकृष्ण की शिकायतें भी वात्सल्य और प्रेम से परिपूर्ण थीं। इनमें भक्ति का अद्भुत भाव छिपा है। महाराज ने कहा कि श्रीकृष्ण की बाल लीलाएं हमें अहंकार त्यागकर प्रेम और सरल जीवन जीने की प्रेरणा देती हैं। उन्होंने गोवर्धन पूजा के महत्व का वर्णन करते हुए प्रकृति संरक्षण, गोसेवा और ईश्वर के प्रति अटूट विश्वास का संदेश भी दिया।
कथा के दौरान भजन-कीर्तन, पुष्प वर्षा एवं भगवान श्रीकृष्ण की आकर्षक झांकियों ने श्रद्धालुओं को मंत्रमुग्ध कर दिया। पूरा मंदिर परिसर भक्तिमय वातावरण से गुंजायमान रहा और बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने कथा का श्रवण किया। कार्यक्रम के मुख्य यजमान रवींद्र वर्मा एवं देवेंद्र वर्मा रहे। मंदिर महादेव समिति के सचिव एवं आयोजक नीरज मित्तल ने भगवान को छप्पन भोग अर्पित किया। इस अवसर पर केके गुप्ता, मदन गुप्ता, पंडित संजय त्रिपाठी, पार्षद बबीता खन्ना, पूर्व पार्षद राजेश खन्ना, नितिन जयसवाल, अमित शर्मा, अनिकेत गर्ग, निमेष जयसवाल, टीटू मोहन आदि मौजूद रहे।