मेरठ के मवाना क्षेत्र में बृहस्पतिवार को अच्छी बारिश हुई। जिससे कई दिनों से उमस भरी गर्मी से परेशान लोगों को राहत मिली। वहीं, बारिश ने लाखों रुपये खर्च कर नाले- नालियों की कराई गई सफाई की पोल खोलकर रख दी। जल निकासी ठीक ना होने से कई गलियों सहित मुख्य रास्तों पर पानी भर गया।
बारिश ने फसलों को काफी फायदा पहुंचाया तो वहीं, किसानों का सिंचाई में होने वाला खर्च भी बच गया। नगर में बारिश से मुख्य मार्ग सहित चौहान, गुरुद्वारे के पास, मोहल्ला हीरालाल आदि कई मोहल्लों में जलभराव हो गया। लोगों के मुताबिक पिछले दिनों ही नगर चेयरमैन ने स्वयं खड़े होकर नाले-नालियों की सफाई कराने की बात कही। परंतु एक बारिश ने ही लाखों रुपये खर्च की गई सफाई की पोल खोल दी। वहीं, चेयरमैन अय्यूब कालिया के मुताबिक नालों की सफाई का कार्य पूरा नहीं हो सकता था। एक नाला निर्माणाधीन हैं। जिसके चलते जलभराव की समस्या बनी।
किसानों के चेहरे खिले
दोपहर में हुई झमाझम बारिश ने सिंचाई की कमी पूरी कर दी। जिससे किसानों के चेहरे भी खिल गए। हालांकि किसानों ने बताया कि तेज हवा से चारा, ईख गिरी है। क्षेत्र के सलीम, इदरीश, मुनेश, मतीन प्रधान, जिले सिंह, सुमित शर्मा आदि किसानों का कहना है कि यह बारिश गन्ने व धान की फसल के लिए काफी फायदेमंद हुई हैं। सिंचाई का खर्चा भी बच गया। परंतु तेज हवा से चारे की फसल गिर गई।
यह भी पढ़ें: यूपी: पहले सात साल की बच्ची के साथ दुष्कर्म, फिर गला घोंटकर मार डाला, आरोपी के खिलाफ मुकदमा दर्ज
क्षेत्र में 15 दिनों से बारिश नहीं
क्षेत्र में पिछले 15 दिनों से अच्छी बारिश नहीं हुई है। जिसके चलते किसानों को बरसात में भी नलकूपों से सिंचाई करनी पड़ रही है। हापुड़ से मेरठ के बीच में खरखौदा बेल्ट में इस समय हरी सब्जी, गन्ना, धान की फसल की बुआई की गई है। क्षेत्र में पिछले 15 दिनों से बारिश नहीं हो पाई है। जिसके चलते किसानों को नलकूपों से ही सिंचाई करनी पड़ रही है। किसानों की माने तो हल्की बूंदाबांदी होकर ही रह जाती है। फसलें सूखने लगी हैं वहीं, धान रोपाई में समस्या आ रही है।
नोट- इन खबरों के बारे आपकी क्या राय हैं। हमें फेसबुक पर कमेंट बॉक्स में लिखकर बताएं।
शहर से लेकर देश तक की ताजा खबरें व वीडियो देखने लिए हमारे इस फेसबुक पेज को लाइक करें
https://www.facebook.com/AuNewsMeerut/