राज्यपाल से पदक मिला तो बढ़ा उत्साह : तनु
तनु चौधरी ने कहा कि जब राज्यपाल ने मेरे गले में स्वर्ण पदक डाला तो मेरी खुशी का ठिकाना नहीं रहा। अब मेरा उत्साह लक्ष्य पाने के लिए दोगुना हो गया है। तनु बताती है कि यह पदक उनको कड़ी मेहनत से मिला है। मेरा मानना है कि अगर आत्मविश्वास और निरंतर मेहनत हो, तो कोई भी लक्ष्य कठिन नहीं होता। मैं यह संदेश देना चाहती हूं कि परिवार की पृष्ठभूमि कभी किसी की उड़ान को सीमित नहीं कर सकती। मेहनत, शिक्षा और सच्ची लगन ही असली ताकत है। मैं युवाओं से कहना चाहूंगी कि सपनों को सिर्फ देखे नहीं, बल्कि इन्हें पूरा करने के लिए लगातार प्रयास करते रहें।
शिक्षा क्षेत्र में करना चाहती हैं कार्य : काजल
गढ़मुक्तेश्वर आलमनगर निवासी काजल ने रुद्रा इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी से एमकॉम की डिग्री हासिल की है। काजल अब पीएचडी की तैयारी कर रही हैं। वह शिक्षा क्षेत्र में कार्य करना चाहती हैं। उन्होंने कहा कि दीक्षांत समारोह के दौरान राज्यपाल से पदक पाना उनके लिए बड़े सम्मान की बात है। इस पदक ने उनकी जिम्मेदारी और बढ़ा दी है। वे प्रयास करेंगी कि आगे का जो भी जीवन होगा, उसे बेहतर और दूसरों के लिए उपयोगी बनाया जाए। काजल ने बताया कि इस सफलता के पीछे उनके माता-पिता और पति कविंद्र प्रताप का योगदान है।