मास्क, ग्लब्ज और सोशल डिस्टेंसिंग के बीच चुनिंदा लोगों की उपस्थिति में वर और वधू ने सात जन्मों तक साथ निभाने की कसम खाई। पंडित जी ने मंत्रोच्चारण के साथ फेरों की रस्म पूरी कराई।
एक नई शुरुआत कर रही जिंदगी के इन महत्वपूर्ण पलों को रिश्तेदारों ने सोशल साइट्स पर लाइव देखा और नवदंपती को आशीर्वाद दिया। रात आठ बजे से कर्फ्यू की बाध्यता के चलते सभी आयोजन दिन में ही हुए। कोरोना अनलॉक-1 में शनिवार को शहर में इस तरह हुई शादियों को कोई भुला नहीं पाएगा।
विज्ञापन
2 of 5
wedding, barat
- फोटो : अमर उजाला
शनिवार को होटल हारमनी, ग्रांड-5, सुभद्रा फार्म, मारवाड़ी भोज सहित क्लोज डोर कॉलोनियों में करीब 50 स्थानों पर विवाह समारोह हुए। लेकिन इस बार विवाह समारोह में औपचारिकता पूर्ण की गई। न चढ़त हुई और न ही मंडपों में डीजे का शोर सुनाई दिया। नव दंपती को आशीर्वाद देने मित्र और रिश्तेदार भी नहीं पहुंचे। आयोजन में 30 लोगों के भाग लेने की बाध्यता के चलते सादगी रही।
विज्ञापन
3 of 5
wedding, barat
- फोटो : अमर उजाला
आई बरात.. स्वागत के बाद फेरे
शहर में ज्यादातर स्थानों पर चढ़त की रस्म नहीं हुई। वर पक्ष का मुख्य द्वार पर सादगी के साथ स्वागत हुआ। होटल में एंट्री के दौरान सभी ने मास्क लगाए थे। मुख्य द्वार पर हाथों को सैनिटाइज किया गया। लिफ्ट के बजाय सीढ़ियों का प्रयोग किया गया। सीटिंग अरेजमेंट सोशल डिस्टेंसिंग के हिसाब से रहा। होटल स्टाफ फेस शील्ड, मास्क और ग्लब्ज पहने थे।
4 of 5
wedding, barat
- फोटो : अमर उजाला
विवाह का आठवां वचन... मास्क लगाएं
शादी के सात वचनों से सभी परिचित हैं। लेकिन कोरोना काल में अब वर वधू द्वारा आठवां वचन मास्क लगाने का लिया जा रहा है। गढ़ रोड स्थित एक होटल में विवाह कराने पहुंचे पंडित योगेश सुंदरियाल ने बताया कि वर्तमान हालात में अनिवार्य हो गया है कि घर से बाहर निकलते समय सोशल डिस्टेंस का पालन करें। मास्क लगाएं और सैनिटाइजर का प्रयोग करें।
सुखी दांपत्य जीवन के लिए वर व वधू दोनों को अपने दायित्वों को समझना होगा। दोनों ही एक-दूसरे को कोरोना से बचाव के नियमों के प्रति जागरूक रखें। मास्क लगाने का आठवां वचन बहुत ही कारगर सिद्ध होगा। पं. सुंदरियाल ने बताया कि अभी तक शहर में वह और उनसे जुड़े लगभग 22 पुरोहित विवाह समारोह के दौरान 12 दिनों में लोगों को यह वचन दिला चुके हैं।