मेरठ। जेल में बंद कुख्यात भूपेंद्र बाफर व विवेक कस्तला का कनेक्शन खंगालने में एसटीएफ लगी है। पुलिस ने विवेक का फेसबुक अकाउंट खंगालना शुरू किया, जिसमें बाफर से जुड़ी जानकारियां मिलीं। विवेक से पुलिस ने पूछताछ की। पोल खुलते ही अब विवेक ने अपने फेसबुक अकाउंट का नाम बदल दिया है।
आजमगढ़ जेल की हाई सिक्योरिटी बैरक में बंद भूपेंद्र बाफर ने वीडियो कॉलिंग करके विवेक समेत कई लोगों से फोन पर बातचीत की है। इसकी पुष्टि भी जेल प्रशासन के आला अधिकारियों ने कर दी। इसको लेकर डीजी जेल आनंद कुमार ने आजमगढ़ जेल प्रशासन के खिलाफ जांच बैठा दी। एसटीएफ मेरठ भी इसकी जांच पड़ताल में जुटी कि आखिर विवेक से भूपेंद्र बाफर की क्या बातचीत हुई। वहीं, एसएसपी अजय साहनी ने भी विवेक का फेसबुक अकाउंट खंगाला है। जिसमें विवेक व भूपेंद्र बाफर की नजदीकी का पता चला है। विवेक और बाफर के बीच क्या कनेक्शन है। इसकी जांच की जा रही है। विवेक से भी पुलिस ने पूछताछ की, जिसमें काफी कुछ जानकारी मिली है। पुलिस का दावा है कि विवेक ही भूपेंद्र को काफी जानकारी दे रहा है। भूपेंद्र बाफर के आपराधिक मामलों से भी विवेक का क्या कनेक्शन है। इसके बारे में पता लगाया जा रहा है।
फेसबुक अकाउंट से नाम बदला
भूपेंद्र बाफर से वीडियो कॉलिंग कर बात करने वाले विवेक कस्तला ने अपने फेसबुक अकाउंट से अपना नाम बदलकर जिया चौधरी कर लिया है। सवाल उठता है कि विवेक को अभी पुलिस ने किस बात की छूट दे रखी है। पुलिस मामले की गुपचुप तरीके से जांच करने का दावा कर रही है। वहीं विवेक अभी गांव में खुला घूम रहा है।
आजमगढ़ जेल भी गया था विवेक
पुलिस जांच में सामने आया कि जेल में बंद भूपेंद्र बाफर से मिलने के लिए विवेक कस्तला आजमगढ़ भी गया था। जेल प्रशासन ने विवेक का पूरा रिकॉर्ड निकाल लिया है। जुलाई 2019 में दरोगा की हत्या कर कस्टडी से रोहित सांडू को छुड़वाने के दौरान भी भूपेंद्र बाफर से विवेक मिला था। इसकी जांच भी कराई जा रही है। पुलिस का मानना कि विवेक भूपेंद्र बाफर गैंग का सक्रिय सदस्य है।
जेल प्रशासन पर कार्रवाई की तलवार
आजमगढ़ जेल हाई सिक्योरिटी बैरक से वीडियो कॉलिंग करने का वीडियो वायरल होने पर डीजी जेल ने जांच बैठा दी है। जांच में पुष्टि हो गई कि हाई सिक्योरिटी बैरक से ही मोबाइल पर अपने साथियों से बातचीत की है। इस मामले में जेल प्रशासन के खिलाफ बड़ी कार्रवाई हो सकती है। बताया जा रहा है कि आजमगढ़ जेल प्रशासन की पहले भी इस तरह की शिकायतें मिली है।
पांच-छह दिन पहला बताया कुख्यात का वीडियो
पुलिस जांच में सामने आया है कि कुख्यात भूपेंद्र बाफर का यह वीडियो पांच-छह दिन ही पुराना है। क्योंकि विवेक कस्तला ने 1 सप्ताह पहले ही बाल कटवाए थे। वीडियो कॉलिंग में विवेक के बाल भी दिखाई दे रहे हैं। हालांकि आजमगढ़ जेल प्रशासन दावा कर रहा है कि यह वीडियो सितंबर का है। सवाल उठ रहे कि सितंबर माह में बनियान पहनकर बाफर कैसे बात कर रहा है। अभी भी इस मामले में जेल प्रशासन अपनी लापरवाही छिपाने का प्रयास कर रहा है।
जेल में वारदात के बाद भी सचेत नहीं अफसर
बागपत जेल में मुन्ना बजरंगी की हत्या, इलाहाबाद की नैनी जेल में उधम सिंह का खून खराबा करना समेत कई दर्जन वारदात जेलों में हुई हैं। बावजूद जेलों में बंदी लगातार को क्या मोबाइलों पर बात करके अपने गैंग को एक्टिव कर रहे हैं। तमाम जानकारी मिलने के बावजूद जेल प्रशासन खामोश है।
कनेक्शन की जांच कर रही पुलिस
आजमगढ़ जेल की हाई सिक्योरिटी में बंद कुख्यात भूपेंद्र बाफर ने मेरठ के विवेक कस्तला से वीडियो कॉलिंग कर बात की है। जो कि जांच में भी पुष्ट हो गया है। विवेक कस्तला का बाफर से क्या कनेक्शन है, इसकी जांच पड़ताल मेरठ पुलिस कर रही है। -अजय साहनी, एसएसपी मेरठ