हस्तिनापुर क्षेत्र में सोती नदी की सफाई के दौरान इसमें नाव चलाकर देखी गई।
हस्तिनापुर। सालों से खादर क्षेत्र से गुजरी गंगा की महत्वपूर्ण धारा सोती नदी देखरेख के अभाव में विलुप्त होने की कगार पर थी। परंतु अब उसे फिर से जीवन दिया जा रहा है। लॉकडाउन में अपने घर पहुंचे प्रवासी मजदूरों की मदद से नरेगा के तहत सोती नदी का सफाई कार्य किया जा रहा है। इस मुहिम में महत्वपूर्ण प्र्रयास बीडीओ का माना जा रहा है। रविवार को इस नदी में नाव चलाई गई।
नरेगा योजना के तहत लगातार श्रमिकों को कार्य दिया जा रहा है। इस लोगों की महनत से क्षेत्र में विलुप्ति की कगार पर पहुंचने वाली सोती नदी को फिर से जीवित किया जा रहा है। लागातार सफाई कार्य चलने के कारण अब यह नदी बदली नजर आ रही है। रविवार को खंड विकास अधिकारी शैलेंद्र कुमार के सामने नदी में नाव चलाई गई। जिसे देख लोग खुश दिखाई दिए। बीडीओ के मुताबिक नदी की सफाई से खादर क्षेत्र के किसानों और लोगों को कई लाभ होंगे। नदी के किनारे पिकनिक स्पॉट बनाने की भी तैयारी है जिससे क्षेत्र में रोजगार के अवसर बढ़ेंगे। बताया कि कुछ भाग में सफाई होने पर बामनोली से किशनपुर के लिए नाव छोड़ी गई। जिसमें ब्लॉक कर्मचारी बैठे और ट्रायल लिया। छोटी नदी की सफाई से क्षेत्र के लोगों को रोजगार मिलेगा। नदी से मछली पालन भी किया जा सकेगा। नदी की सुंदरता बढ़ाने के लिए आसपास में बांस के पौधे रोपे जाएंगे। पिकनिक पर आने वाले लोग नौका में बैठकर सैर कर सकेंगे । बताया कि सफाई का कार्य लगभग 80 फ़ीसदी पूर्ण कर लिया गया है।